पलामू में राज्य कर पदाधिकारी पर अवैध वसूली के आरोप, विभाग ने दिए जांच के आदेश
पलामू में राज्य कर पदाधिकारी जियाउल हक पर अवैध वसूली और धमकी देने के आरोप लगे हैं, जिस पर वाणिज्य-कर ...और पढ़ें

एआई जेनरेटेड इमेज।
HighLights
राज्य कर अधिकारी जियाउल हक पर आरोप।
व्यवसायियों से अवैध वसूली, धमकी देने का मामला।
जागरण संवाददाता, मेदिनीनगर (पलामू)। पलामू में व्यवसायियों से कथित अवैध वसूली और धमकी देने के आरोपों को लेकर राज्य कर पदाधिकारी जियाउल हक की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। पलामू व्यवसायी संघ के प्रतिनिधि नीरज अग्रवाल की शिकायत पर झारखंड सरकार के वाणिज्य-कर विभाग ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
संबंधित अधिकारियों को आरोपों की जांच कर एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है।शिकायत के मुताबिक, राज्य कर पदाधिकारी पर व्यवसायियों को फोन कर रकम मांगने और कथित तौर पर निजी बिचौलियों के माध्यम से वसूली कराने के आरोप लगाए गए हैं।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि रकम नहीं देने वाले व्यवसायियों को नोटिस जारी कर परेशान किया जाता है। इसके अलावा, दुकानों को बंद कराने की धमकी देने और टैक्स व टर्नओवर का हवाला देकर पैसे मांगने की बात भी शिकायत में कही गई है।
वित्त मंत्री से की गई थी निष्पक्ष जांच की मांग
मामले को लेकर पलामू व्यवसायी संघ के प्रतिनिधि नीरज अग्रवाल ने वित्त मंत्री को आवेदन देकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की थी। आवेदन में संबंधित अधिकारी के मोबाइल फोन की जांच कराने का अनुरोध भी किया गया था, ताकि शिकायत में लगाए गए आरोपों की सच्चाई सामने आ सके।
मामले की गंभीरता को देखते हुए झारखंड सरकार के वाणिज्य-कर विभाग की संयुक्त सचिव पूनम कुजूर ने 12 अक्टूबर 2026 को राज्य कर अपर आयुक्त (प्रशासन), रांची प्रमंडल को पत्र भेजा। पत्र के माध्यम से शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कराने और स्पष्ट मंतव्य के साथ रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
इसके बाद रांची प्रमंडल के राज्य कर अपर आयुक्त (प्रशासन) ने पलामू अंचल के राज्य कर संयुक्त आयुक्त को पत्र भेजकर एक सप्ताह के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने को कहा है। फिलहाल, शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच की जानी है। जांच रिपोर्ट में सामने आने वाले तथ्यों और संबंधित अधिकारियों के मंतव्य के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
