संवाद सहयोगी, नारायणपुर (जामताड़ा) : शनिवार को डीआरडीए निदेशक जावेद अनवर इदरीसी ने नारायणपुर पंचायत के नारायणपुर और चंद्रपुर में पशु शेड निर्माण व मनरेगा योजनाओं के तहत बने डोभा निर्माण कार्य को देखा। डीआरडीए निदेशक सर्वप्रथम नारायणपुर में वित्तीय वर्ष 2020-21 में एक लाख 31 हजार रुपये की लागत से हुए डोभा निर्माण कार्य को देखा। निर्माण कार्य में काफी खामी पाई। यहां तक की बोर्ड भी गलत लिखा हुआ मिला। लाभुक से एक सप्ताह में कार्य पूर्ण करने को कहा गया। कार्य अपूर्ण देखकर तथा अनियमितता पाने की वजह से डीआरडीए निदेशक ने नारायणपुर बीडीओ प्रभाकर मिर्धा को कनीय अभियंता, पंचायत सचिव, रोजगार सेवक को एक-एक हजार रुपये का अर्थदंड मनरेगा एक्ट के तहत लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि कार्यो में कोताही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके उपरांत डीआरडीए निदेशक चंद्रपुर ग्राम पहुंचे। यहां उन्होंने गिरधारी पंडित और फूल देवी के पशु शेड निर्माण कार्य को देखा। गिरधारी पंडित के शेड निर्माण कार्य को देखकर संतुष्टि जाहिर की और निर्माण कार्य को पूर्ण करने को कहा। साथ ही फूल देवी से आवश्यक जानकारी हासिल की और पूछा कि शेड निर्माण में कहीं बिचौलिया या पंचायत सचिव, रोजगार सेवक द्वारा राशि तो नहीं ली गई है। लाभुक ने राशि देने की बात से साफ इंकार किया। गांव आगमन पर पीएम आवास योजना के लाभुकों ने कहा कि उन्हें मजदूरी के मद में 12000 रुपये ही मिले हैं। यह सभी आवास के लाभुक दो-तीन वर्ष पूर्व के थे। बीडीओ प्रभाकर मिर्धा ने लोगों को समझाते हुए कहा कि पूर्व में पीएम आवास योजना में मजदूरी मद में 15000 रुपये दिए जाते थे और इन्हें 12000 रुपये मिला है। तीन हजार रुपये नहीं मिला इसके पीछे समय पर डिमांड नहीं किया जाना कारण होगा। जिससे भुगतान नहीं हो पाया है। अब योजना क्लोज हो गई है राशि मिलना संभव नहीं है। वर्तमान समय में जिन्हें पीएम आवास मिला है समय पर डिमांड करें मजदूरी की पूरी राशि मिलेगी। मजदूरी मद में अब 18000 रुपये मिल रहे हैं। इस मौके पर बीपीओ विद्युत मुर्मू, रोजगार सेवक नागेंद्र मुर्मू आदि उपस्थित थे।

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