जमशेदपुर, जासं।  टिमकेन वर्कर्स यूनियन के उपाध्यक्ष श्रीकांत दत्ता एवं पूर्व कमेटी मेंबर सुबोध प्रसाद पर बर्खास्‍तगी की तलवार लटक रही है। प्रबंधन ने आपस में मारपीट और गाली- गलौज करने के आरोप में दोषी ठहराते हुए दोनों को नौकरी से बर्खास्त करने के प्रस्ताव के साथ सेटल शोकॉज का नोटिस थमा दिया है। प्रबंधन ने इस तरह की घटना में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए कड़ी कार्रवाई की है।  ऐसी ही एक घटना में प्रबंधन ने यूनियन के एक उपाध्यक्ष आदिप बार को बर्खास्त कर दिया है जिसका केस न्यायालय में चल रहा है। जबकि सहायक सचिव अनंत कुमार को सस्पेंड कर दिया था।

 क्या है घटना 

16 जनवरी 2020 को कंपनी गेट पर श्रीकांत और सुबोध ने एक -दूसरे के खिलाफ मारपीट और गाली- गलौज करने की लिखित शिकायत प्रबंधन के समक्ष दर्ज करायी थी। प्रबंधन ने 18 जनवरी को दोनों को इस मामले में चार्जशीट थमाया था। दोनों ने चार्जशीट का जवाब दिया। प्रबंधन ने जवाब से असंतुष्ट होकर इंक्वायरी सेटअप किया। इंक्वायरी में दोनों को दोषी ठहराया गया। प्रबंधन ने कार्रवाई करते हुए 28 जुलाई को बर्खास्तगी का नोटिस जारी किया जिसे दोनों ने 31 जुलाई को रिसीव किया। प्रबंधन ने दोनों को एक सप्ताह के भीतर जवाब देने का एक अवसर दिया है। जवाब नहीं देने पर दोनों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जायेगी।

ये कहते महामंत्री

 यूनियन नेता के साथ जल्दीबाज में कार्रवाई हुई है। इससे पूर्व सुबोध प्रसाद ने प्रेमाशीष महतो के साथ मारपीट की थी, जो मामला आज भी लंबित है। ऐसे ही सुबोध ने हरैल पाल, अमरनाथ त्रिपाठी के साथ गाली-गलौज की थी, जो विवाद सुलझा लिया गया। लेकिन उसी तरह का मामला जब एक यूनियन पदाधिकारी के साथ हुआ तो उस पर गाज गिराने की पूरी तैयारी की गई है, जो गलत है। इसका पूरजोर विरोध होगा। 

-गिरवरधारी, महामंत्री, टिमकेन वर्कर्स यूनियन

Posted By: Rakesh Ranjan

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस