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नबीन भाजपा का शंखनाद: नितिन नबीन के भाजपा राष्‍ट्रीय अध्यक्ष बनने पर जमशेदपुर में उत्सव, खूब उड़े गुलाल

Published: Wed, 21 Jan 2026 01:28 AM (IST)

नितिन नबीन के भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने पर जमशेदपुर में कार्यकर्ताओं ने जोरदार जश्न मनाया। साकची में विजय जुलूस निकला, ...और पढ़ें

नितिन नबीन के भाजपा का राष्‍ट्रीय अध्यक्ष बनने पर साकची भाजपा कार्यालय में जश्‍न मनाते कार्यकर्ता।

नितिन नबीन के भाजपा का राष्‍ट्रीय अध्यक्ष बनने पर साकची भाजपा कार्यालय में जश्‍न मनाते कार्यकर्ता।

HighLights

  1. साकची में विजय जुलूस, गुलाल और मिठाइयां बांटी गईं।

  2. बागबेड़ा में वृद्धजनों और दिव्यांगों को कंबल वितरित किए गए।

जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। राजनीतिक क्षितिज पर जब नए नेतृत्व का उदय होता है, तो वह केवल पद का हस्तांतरण नहीं, बल्कि संगठन की धमनियों में नए उत्साह का संचार होता है। मंगलवार को विश्व के सबसे बड़े राजनीतिक दल की कमान नितिन नबीन के हाथों में आते ही लौहनगरी जमशेदपुर में भावनाओं का ज्वार उमड़ पड़ा। (nitin nabin)
 
शहर के कोने-कोने में कार्यकर्ताओं ने इस नूतन नेतृत्व का स्वागत कहीं विजय जुलूस तो कहीं सेवा कार्यों के जरिए किया। साकची स्थित भाजपा जिला कार्यालय के बाहर का वातावरण 'भारत माता की जय' के गगनभेदी नारों से गूंज उठा। 
 
नवनिर्वाचित जिलाध्यक्ष संजीव सिन्हा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर और मिठाइयां बांटकर खुशियां साझा कीं। इस अवसर पर संजीव सिन्हा ने कहा कि नितिन नबीन जैसे युवा और कर्मठ नेता के हाथों में नेतृत्व सौंपना यह सिद्ध करता है कि भाजपा में ही एक सामान्य कार्यकर्ता शिखर तक पहुंच सकता है। (nitin nabin)
 
यह हमारे आंतरिक लोकतंत्र की विजय है। इस दौरान चंद्रशेखर मिश्रा, राजकुमार श्रीवास्तव, दिनेश कुमार और नीरज सिंह सहित सैकड़ों कार्यकर्ताओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। (nitin nabin)

एक ओर जहां साकची में उत्सव का शोर था, वहीं बागबेड़ा की लोको कॉलोनी में खुशियों ने 'सेवा' का रूप धारण किया। मंडल अध्यक्ष अश्विनी तिवारी के नेतृत्व में इस राजनीतिक उपलब्धि को मानवीय संवेदनाओं से जोड़ा गया। (nitin nabin)

कड़ाके की ठंड को देखते हुए सांसद बिद्युत बरण महतो के सौजन्य से वृद्धजनों और दिव्यांगों के बीच कंबल वितरण किया गया। कंबल की गर्माहट और लड्डुओं की मिठास पाकर बुजुर्गों की आंखों में जो संतोष दिखा, उसने 'जनसेवा ही नारायण सेवा' के मंत्र को चरितार्थ कर दिया।