जमशेदपुर, जागरण संवाददाता। टाटा मोटर्स में 31 जुलाई को ब्लॉक-क्लोजर रहेगा। इस दौरान कंपनी के सभी कर्मचारियों को छुट्टी दी जाएगी। हालांकि जरूरत के हिसाब से बुलाए गए कर्मचारी को छुट्टी का लाभ नहीं मिलेगा। लेकिन छुट्टी के साथ-साथ रविवार को होनेवाले साप्ताहिक अवकाश के कारण कंपनी दो दिनों तक बंद रहेगी तथा सोमवार दो अगस्त को खुलेगी।

यह जानकारी कंपनी के प्लांट हेड विशाल बादशाह ने एक सर्कुलर जारी कर दी है। पूर्व की तरह ब्लॉक-क्लोजर का भार आधे प्रबंधन व आधे कर्मचारियों को वहन करना होगा। बीते महीने से ही कंपनी में शनिवार को ब्लॉक-क्लोजर दिया जा रहा है, दूसरे दिन रविवार को लेकर दो दिन बाद कंपनी में कामकाज शुरू होता है। इधर, लगातार कंपनी में ब्लाक क्लोजर का सिलसिला चल रहा है। इससे अस्थायी मजदूराें को मुश्किलों का सामना करना पडता है। ब्लाॅक क्लोजर का असर आदित्यपुर आैद्योगिक क्षेत्र की सैंकडों इंसीलरियों पर भी पडता है। इंसीलिरयां टाटा मोटर्स के लिए कल-पुर्जे बनाती हैं। इनमें उत्पादन नहीं होने से भी हजारों कामगार प्रभावित होते हैं। सबसे ज्यादा मार अस्थायी कामगारों पर पडती है। उन्हें काम से बैठा दिया जाता है। काम नहीं होने की वजह से मजदूरी भी नहीं मिलती।

टाटा मोटर्स कान्वाई चालको को मिलना शुरू हुआ जूता

टाटा मोटर्स कान्वाई चालकों के लिए बुधवार से जूता वितरण शुष् हो गया। समझौते के अनुसार पहले ही बाटा कंपनी का जूता के लिए 12 सौ रुपये चुकाया गया था। किसी कारणवश उसे वितरित नहीं किया जा रहा था। वह बुधवार से आरंभ कर दिया गया। विपक्षी कान्वाई चालकों के नेता ज्ञानसागर प्रसाद ने कहा कि टीटीसीए के नये कार्यपालक पदाधिकारी कैप्टन संजीव झा के निर्देश पर यह शुरू हुआ है। कुछ दिन पहले ही उनके द्वारा दो वर्षों का वर्दी दे दिया गया। वितरण के दौरान मुख्यरुप से अमरनाथ चौबे, दिनेश पांडेय, उमेश प्रसाद, अवधेश सिंह, वीरेंद्र पाठक, विवेक कुमार सिन्हा, सुखदेव काके, जुगल प्रसाद, जसपाल सिंह आदि मौजूद थे।

Edited By: Rakesh Ranjan