गुमला में आवारा कुत्तों के आतंक से मिलेगी राहत! 1 एकड़ जमीन पर बनेगा डॉग शेल्टर और बर्थ कंट्रोल सेंटर
गुमला नगर परिषद ने शहर में बढ़ती स्ट्रीट डॉग की संख्या पर नियंत्रण और उनके संरक्षण के लिए आश्रय सह ...और पढ़ें

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HighLights
गुमला में स्ट्रीट डॉग आश्रय सह जन्म नियंत्रण केंद्र बनेगा।
चाहा के टूकुटोली में एक एकड़ भूमि चिन्हित की गई।
संवाद सहयोगी, गुमला। नगर परिषद ने शहर में बढ़ती स्ट्रीट डाग की संख्या पर नियंत्रण और उनके संरक्षण के लिए आश्रय सह जन्म नियंत्रण केंद्र बनाने की पहल शुरू की है। इसके लिए गुमला नप क्षेत्र के वार्ड संख्या एक चाहा के टूकुटोली में एक एकड़ भूमि चिन्हित की गई है। प्रस्तावित केंद्र में करीब 50 डाग रखने की क्षमता होगी।
यहां स्ट्रीट डाग का बंध्याकरण कर उनकी बढ़ती संख्या को नियंत्रित किया जाएगा। साथ ही डाग की देखभाल और उपचार के लिए वेटरनरी डाक्टर की नियुक्ति की भी योजना है। नगर परिषद की ओर से भूमि चिन्हित किए जाने के बाद एसी को पत्र भेजा गया था।
इसके बाद एसी की ओर से सीओ को पत्र प्रेषित कर भूमि का सत्यापन कराया गया। भूमि सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रस्तावित स्थल के लिए स्वीकृति मिल गई है। अब उक्त स्थान पर आश्रय सह जन्म नियंत्रण केंद्र के निर्माण की प्रक्रिया जल्द शुरू किए जाने की तैयारी है।
केंद्र के निर्माण से शहर में बढ़ती स्ट्रीट डाग की आबादी को नियंत्रित करने के साथ उनके संरक्षण और देखभाल की बेहतर व्यवस्था हो सकेगी। बंध्याकरण की सुविधा उपलब्ध होने से डाग की संख्या में होने वाली वृद्धि पर प्रभावी नियंत्रण की उम्मीद है। नगर परिषद के इस पहल से शहर में स्ट्रीट डाग से जुड़ी समस्याओं के समाधान में मदद मिलेगा।
खासकर डाग बाइट की घटनाओं में कमी लाने के साथ शहरवासियों और स्ट्रीट डाग दोनों के लिए बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने की दिशा में इसे महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
एक एकड़ जमीन चिन्हित किया गया है जिसका विभागीय स्वीकृति मिल चुकी है, जल्द ही वहां डाग आश्रय सह जन्म नियंत्रण केंद्र बनेगा। जहां डाग का बाध्याकरण कर वेटरनरी डाक्टर की देखरेख में एक सप्ताह रखा जाएगा। जिसे पुन छोड़ दिया जाएगा। जिससे डाग की जनसंख्या में नियंत्रण होगा।
-मनीष कुमार, ईओ गुमला नप गुमला
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