गिरिडीह के सोनबाद में दलितों के आने-जाने का रास्ता घेरा, पांच परिवार घरों में कैद
गिरिडीह के बेंगाबाद में सोनबाद तुरी टोला के दलित परिवारों का रास्ता स्थानीय लोगों ने घेर लिया है, जिससे वे घरों में कैद हो गए हैं।

रास्ते पर लोगों ने किया कब्जा
HighLights
सोनबाद तुरी टोला में दलित परिवारों का रास्ता घेरा गया।
कई परिवार घरों में कैद, निकलने में परेशानी।
रास्ता न खुलने पर अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी।
संवाद सहयोगी, बेंगाबाद( गिरिडीह)। संवैधानिक समानता और दलित अधिकार की दुहाई देकर भले नेता भाषण देते हों, लेकिन जमीनी सच्चाई इससे अलग है। इसका उदाहरण गिरिडीह के बेंगाबाद प्रखंड में स्थित सोनबाद तुरी टोला में बुधवार को दिखा। यहां पांच दलित परिवारों के आने-जाने के रास्ते में दीवार खड़ी कर दी गई, जिससे इन लोगों का आवागमन बंद हो गया है।
इन परिवारों के लोग अपने घरों में कैद होकर रह गए हैं। टोले में रहने वालों ने बताया कि कुछ स्थानीय लोगों ने रास्ते को अपनी जमीन बताकर यहां दीवार बना दी है।
सीओ से रास्ता बहाल कराने की गुहार
आने-जाने का रास्ता बंद होने के बाद बुधवार को दलित परिवारों के लोग आल इंडिया फारवर्ड ब्लाक के नेताओं से मिले, जिसके बाद मामला बेंगाबाद अंचल अधिकारी तक पहुंचा। पीड़ितों व नेताओं ने सीओ से रास्ता बहाल कराने की गुहार लगाई।
फारवर्ड ब्लाक नेता ने चेतावनी दी कि रास्ता जल्द नहीं खुला तो दलित परिवार अनिश्चितकालीन आंदोलन करेंगे।
फाब्ला के प्रखंड अध्यक्ष शिवनंदन यादव, उपाध्यक्ष रामलाल मंडल तथा राजेंद्र मंडल ने बताया कि कई पीढ़ियों से सोनबाद के दलित परिवारों सहित आम लोग भी इस रास्ते का उपयोग करते रहे हैं। उसे अचानक घेर लेने से कई लोगों के घरों से निकलने का रास्ता तक बंद हो गया है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल रास्ता खुलवाने की मांग की।
