रेलवे लाइन से पत्थर चोरी कर बिल्डिंग निर्माण का आरोप, रेल संघर्ष समिति ने की जांच की मांग
भवनाथपुर में रेलवे लाइन से अवैध रूप से पत्थर निकालकर बेचने और सरकारी निर्माण में उपयोग करने का मामला सामने ...और पढ़ें

सेल के पदाधिकारी को मांग पत्र सौंपते समिति के सदस्य। (तस्वीर: जागरण)
HighLights
रेलवे लाइन से अवैध पत्थर निकालने और बेचने का गंभीर आरोप।
निकले पत्थरों का उपयोग सरकारी पानी टंकी निर्माण में।
रेल संघर्ष समिति ने सेल को सौंपकर जांच की मांग।
संवाद सूत्र, भवनाथपुर (गढ़वा)। भवनाथपुर प्रखंड क्षेत्र में रेलवे लाइन से पत्थर निकालकर अवैध रूप से बेचने तथा सरकारी निर्माण कार्य में इसके उपयोग का मामला सामने आया है। इस संबंध में मंगलवार को रेल संघर्ष समिति के अध्यक्ष प्रेम चौबे सहित लोगों ने सेल के मानव संसाधन उपमहाप्रबंधक बुलू दिग्गल को लिखित आवेदन देकर मामले की जांच एवं कार्रवाई की मांग की है।
आवेदन में आरोप लगाया गया है कि भवनाथपुर क्षेत्र में रेलवे लाइन से जुड़े पत्थरों को कथित तौर पर अवैध तरीके से निकालकर बेचा जा रहा है। वहीं, निकाले गए पत्थरों का उपयोग गांव में बन रहे एलएनटी पानी टंकी निर्माण कार्य में किए जाने की बात भी सामने आई है। रेलवे लाइन से पत्थर काटकर निकालने की इस गतिविधि से रेलवे की संपत्ति को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई है।
आवेदनकर्ता ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा है कि रेलवे की संपत्ति सार्वजनिक उपयोग एवं सरकारी व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इससे छेड़छाड़ करना न केवल संपत्ति को नुकसान पहुंचाना है, बल्कि भविष्य में हम लोगों के द्वारा रेल परिचालन के लिए प्रधान मंत्री सहित अन्य जगहों पर रेल चलाने की मांग की जा रही है इस घटना से सुरक्षा के लिए भी खतरा उत्पन्न कर सकता है।
उन्होंने संबंधित विभाग एवं प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराने, अवैध रूप से पत्थर निकालने और बेचने वालों की पहचान करने तथा सरकारी निर्माण कार्य में प्रयुक्त सामग्री की भी जांच कराने की मांग की है।
अब देखना यह है कि संबंधित विभाग इस शिकायत पर कब संज्ञान लेता है और रेलवे की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के मामले में क्या कार्रवाई की जाती है।हालांकि सेल प्रबंधन के द्वारा अपने अस्त्र से मामले की जांच की जा रही है जिसके कारण अभी तक घटना की लिखित शिकायत थाना में नहीं की गई है।