धनबाद नगर निगम में विकास को लेकर घमासान, पार्षद ने मेयर पर लगाया अड़ंगा डालने का आरोप
Dhanbad Municipal Corporation: वार्ड 42 के पार्षद मुनीलाल रविदास ने मेयर संजीव सिंह पर वार्डों के विकास कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है।

वार्ड मुनीलाल रविदास और धनबाद नगर निगम के मेयर संजीव सिंह। (फाइल फोटो)
HighLights
वार्ड 42 के पार्षद ने मेयर पर विकास रोकने का आरोप लगाया।
सात माह बाद भी कोई विकास योजना धरातल पर शुरू नहीं हुई।
स्ट्रीट लाइट और नाली निर्माण जैसी योजनाएं लंबित हैं।
संवाद सूत्र, अलकडीहा (धनबाद)। धनबाद नगर निगम चुनाव हुए सात माह बीत चुके हैं। वार्डों की समस्याओं का समाधान होने के बजाय परेशानी बढ़ती जा रही है। इससे पार्षदों को स्थानीय लोगों का आक्रोश झेलना पड़ रहा है।
वार्ड 42 के पार्षद मुनीलाल रविदास ने मंगलवार को लोदना मोड़ स्थित अपने कार्यालय में पत्रकार वार्ता कर धनबाद के मेयर संजीव सिंह पर वार्डों के विकास कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है।
पार्षद ने कहा कि 11 वर्षों बाद नगर निगम का चुनाव हुआ है। इससे लोगों को वार्डों के विकास की काफी उम्मीदें थीं। चुनाव के सात माह बीत जाने के बावजूद अब तक एक भी योजना का काम धरातल पर शुरू नहीं हुआ है।
पार्षदों ने सौंपी योजनाओं की सूची, नहीं मिली स्वीकृति
बोर्ड की बैठक में प्रत्येक पार्षद से पांच-पांच योजनाओं की सूची मांगी गई थी। पार्षदों ने योजनाओं की सूची भी सौंप दी, लेकिन अब तक किसी योजना को स्वीकृति नहीं मिली है। सभी योजनाएं लंबित हैं।
स्ट्रीट लाइटों को लेकर घोषणा हवा-हवाई
उन्होंने कहा कि बोर्ड की बैठक में प्रत्येक वार्ड में 100 स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना पारित हुई थी। इसकी निविदा तक नहीं हुई है। इसके बावजूद मेयर ने प्रेस वार्ता कर प्रत्येक वार्ड में 100-100 स्ट्रीट लाइट देने की घोषणा कर दी। इससे लोगों में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई है। अब स्थानीय लोग लाइट नहीं लगने पर पार्षदों से सवाल कर रहे हैं।
रविदास ने कहा कि वार्ड में नालियों की स्थिति खराब है। गली-मोहल्लों में सड़कें नहीं बनने से बारिश के दिनों में लोगों को काफी परेशानी हो रही है। जलजमाव और गंदगी के कारण मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है।
उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान उन्होंने लोगों से समस्याओं के समाधान का वादा किया था। लेकिन निगम में विकास कार्य आगे नहीं बढ़ने से पार्षदों की छवि प्रभावित हो रही है।
इस्तीफा देकर निगम के खिलाफ संघर्ष करने की चेतावनी
उन्होंने मेयर से पार्षदों की भावनाओं को समझते हुए विकास योजनाओं को गति देने की मांग की है। चेतावनी दी कि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो वह इस्तीफा देकर जनता की सेवा करने और निगम के खिलाफ नीतिगत संघर्ष करने को मजबूर होंगे।
