धनबाद में आधी रात को बड़ी कार्रवाई, निरसा के पिठाकियारी गांव की घेराबंदी कर 6 से अधिक साइबर अपराधी गिरफ्तार
धनबाद साइबर थाना पुलिस ने निरसा के पिठाकियारी गांव में देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए 6 से अधिक साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।

धनबाद में आधी रात को बड़ी कार्रवाई (एआई जेनरेटेड तस्वीर)
HighLights
धनबाद साइबर पुलिस ने निरसा में बड़ी कार्रवाई की।
पिठाकियारी गांव से छह से अधिक साइबर अपराधी गिरफ्तार।
छापेमारी में पुलिस ने पश्चिम बंगाल की रणनीति अपनाई।
जागरण संवाददाता, निरसा (धनबाद)। गुप्त सूचना के आधार पर धनबाद साइबर थाना की पुलिस ने बुधवार की देर रात निरसा थाना क्षेत्र के पिठाकियारी गांव में बड़ी कार्रवाई की। करीब दो से ढाई बजे पुलिस की टीम 18 से 20 वाहनों के साथ गांव पहुंची।
चार टीमों में बंटी पुलिस ने पूरे गांव की घेराबंदी कर एक साथ छापेमारी शुरू की। इस दौरान साइबर अपराध से जुड़े आधा दर्जन से अधिक लोगों को गिरफ्तार किए जाने की सूचना है। सभी से पूछताछ की जा रही है।
गिरफ्तार संदिग्धों को पुलिस अपने साथ ले गई
छापेमारी का नेतृत्व साइबर थाना प्रभारी अनिल कुमार शर्मा कर रहे थे। पुलिस की कार्रवाई इतनी गोपनीय रखी गई कि स्थानीय लोगों को भी इसकी भनक नहीं लगी। गिरफ्तार संदिग्धों को पुलिस अपने साथ ले गई।
हालांकि उन्हें कहां रखा गया है और किस स्थान पर पूछताछ की जा रही है, इसकी जानकारी पुलिस ने नहीं दी है। गिरफ्तारी की सही संख्या और पकड़े गए लोगों की पहचान को लेकर भी पुलिस अधिकारी फिलहाल कुछ बताने से परहेज कर रहे हैं।
साइबर गिरोह को लेकर चर्चा तेज
पुलिस की इस कार्रवाई के बाद एक बार फिर निरसा क्षेत्र में सक्रिय साइबर गिरोह को लेकर चर्चा तेज हो गई है। कभी साइबर अपराध के लिए जामताड़ा को देशभर में जाना जाता था, लेकिन अब निरसा थाना क्षेत्र भी साइबर ठगी के मामलों को लेकर पुलिस की निगरानी में है। विभिन्न राज्यों में साइबर ठगी के मामलों की जांच के दौरान पुलिस टीमों का निरसा पहुंचना पहले भी सामने आता रहा है।
कम समय में अधिक पैसा कमाने की चाहत में युवाओं के साइबर अपराध की ओर आकर्षित होने की बात सामने आती रही है। पिठाकियारी में हुई ताजा कार्रवाई में गिरफ्तार लोगों से पूछताछ के बाद साइबर ठगी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और गतिविधियों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है। पुलिस फिलहाल पूरे मामले को लेकर गोपनीयता बरत रही है।
पश्चिम बंगाल की तर्ज पर छापेमारी
साइबर अपराधियों को पकड़ने के लिए जिस तरह पश्चिम बंगाल की पुलिस के साथ काफी संख्या में पुलिस बल रहता है। उसी तर्ज पर धनबाद पुलिस ने भी कार्रवाई शुरू की है। क्योंकि पहले यदि 10- 12 पुलिसकर्मी गांव में छापेमारी करने जाते थे तो साइबर अपराधियों के पक्ष में महिलाएं एवं पुरुष सामने आ जाते थे तथा कार्रवाई में बाधा डालते थे। अब भारी संख्या में पुलिस छापेमारी करती है इसलिए ग्रामीणों को प्रतिरोध करने की क्षमता कम हो जाती है।
