जागरण संवादाता, निरसा। ईसीएल मुगमा क्षेत्र की राजा कोलियरी ओसीपी में मंगलवार की शाम कोयला चोरों, सीआइएसएफ और ईसीएल सिक्योरिटी टीम के बीच झड़प हो गई। छापमारी करने गई टीम पर कोयला चोरों ने तीन बम और पत्थर बरसाए।

पत्थर और बम से हमले में दो महिला सुरक्षाकर्मी और एक होमगार्ड के जवान घायल हो गए। वहीं सीआइएसएफ व ईसीएल की सिक्योरिटी टीम की पिटाई से चार चोर घायल हुए हैं, इसमें एक की हालत गंभीर है। इस दौरान कोयला चोरों की पत्थरबाजी से पांच वाहन क्षतिगस्त हो गए। कोयला चोरों से घिरते देख सीआइएसएफ व सिक्योरिटी की टीम जान बचाकर निरसा थाना पहुंची।

सीआइएसएफ शीतलपुर की क्यूआरटी (क्विक रिस्पांस टीम) को सूचना मिली थी कि राजा कोलियरी ओसीपी में सैकड़ों की संख्या में चोर कोयला चोरी कर रहे हैं। खबर मिलते ही सीआइएसएफ व ईसीएल की सिक्योरिटी टीम राजा कोलियरी ओसीपी पहुंची। इस दौरान कोयला चोरों ने महिला सुरक्षाकर्मी और होमगार्ड के जवान पर हमला कर दिया। जिसके बाद छापेमारी दल ने लाठीचार्ज कर दिया। इसमें चार कोयला चोर को चोटें लगी हैं।

जवाब में कोयला चोरों ने पथराव शुरू कर दिया। छापेमारी दल पर तीन बम फेंके। गनीमत रही कि बम छापेमारी दल के लोगों से दूर गिरा। इसके बाद अफरातफरी मच गई। अपने आप को घेरता देख छापेमारी दल के लोग आननफानन में खदान से बाहर निकलकर निरसा थाना पहुंचे और अपनी जान बचाई। घटना की सूचना पाकर निरसा थाने की पुलिस पहुंची।

निरसा थाना प्रभारी दिलीप कुमार यादव ने बताया कि कोयला चोरों के हमले में एक महिला सुरक्षाकर्मी घायल हो गई हैं। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। घटना में शामिल लोगों को पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है। किसी भी हाल में कोयला चोरी नहीं होने दिया जाएगा। घटना में शामिल कोयला चोरों के खिलाफ प्राथमिकी की जाएगी और उन्हें चिह्नित कर जेल भेजा जाएगा।

सैकड़ों की संख्या में खदान में घुसते हैं कोयला चोर

राजा कोलियरी ओसीपी में प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में कोयला चोर खदान में घुसकर जबरन कोयला ले जाते हैं। ईसीएल के पास इतने सिक्योरिटी गार्ड नहीं है कि वह कोयला चोरी को रोक सके।

पकड़ कर जेल भेज दो मारो मत

कोयला चोरी में संलिप्त स्थानीय लोग कह रहे थे कि कोयला चोरी करते पकड़ो तो जेल भेज दो। परंतु किसी को पिटाई करने का अधिकार सीआइएसएफ को किसने दिया। हम लोग रोजी-रोटी और घर में जलाने के लिए कोयला ले जाते हैं तो हम लोगों पर हमला किया जाता है। वहीं हाइवा से खुलेआम कोयला चोरी हो रही है, उसे क्यों नहीं रोका जा रहा है।

छापेमारी दल के जाते ही शुरू हो गई कोयला चोरी

पथराव के बाद छापेमारी दल के जाते ही फिर से चोर खदान में घुसकर कोयला चोरी करने में लग गए। कोयला चोरों को पुलिस प्रशासन और सीआइएसएफ का कोई डर नहीं रहा।

पहले भी सुरक्षाकर्मियों पर हो चुका है हमला

राजा कोलियरी ओसीपी में पहले भी कोयला चोरी रोकने पर सुरक्षाकर्मियों पर हमला हो चुका हैं। बीते महीने कोयला चोरी रोकने गए ईसीएल के सिक्योरिटी गार्ड और होमगार्ड के जवान को कोयला चोरों ने मार कर घायल कर दिया था।

बताया जा रहा है कि ईसीएल की सिक्योरिटी टीम पर हमले की यह पहली घटना नहीं है। ईसीएल के सुरक्षा विभाग की ओर से कोयला चोरों पर नामजद प्राथमिकी नहीं करवाई जाती। इस कारण कोयला चोरों का मनोबल बढ़ता है। कोयला चोर एक रणनीति के तहत छापेमारी दल पर हमला करता है। हमला करने के बाद पुरुष पीछे हो जाते हैं। वे महिला और युवतियों को आगे कर दिया जाता है। यदि छापेमारी दल में महिला सुरक्षाकर्मी नहीं रहती है तो पुरुष जवान को पीछे हटना पड़ता है।

खदान में लगा है सीसीटीवी कैमरा

राजा कोलियरी खदान में कांटा घर के पास सीसीटीवी कैमरा लगा है। यदि पुलिस और सुरक्षाकर्मी सीसीटीवी को खंगाले तो बम फेंकने वाले और पत्थरबाजी करने वाले लोगों की पहचान हो सकती है।

Edited By: Roma Ragini

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट