पावर प्लांटों में कोयले की कमी के बीच मंत्री का उत्पादन-डिस्पैच बढ़ाने पर जोर, वाशरी क्षमता होगी मजबूत
G Kishan Reddy ने ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए कोयला उत्पादन, डिस्पैच बढ़ाने और वाशरी क्षमता मजबूत करने पर जोर दिया।

केंद्रीय कोयला मंत्री जी किशन रेड्डी। (फोटो साैजन्य)
HighLights
कोयला उत्पादन और डिस्पैच बढ़ाने पर जोर दिया गया।
आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास को प्राथमिकता दी जाएगी।
कोयला वाशरियों की क्षमता मजबूत करने के निर्देश दिए।
जागरण संवाददाता, धनबाद। Coal Minister G Kishan Reddy देश की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए पर्यावरणीय और नीतिगत रूप से सुनिश्चित कोयला आपूर्ति सरकार की प्राथमिकता है। इसके लिए कोयला उत्पादन व डिस्पैच बढ़ाने के साथ आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास और कोयला वाशरियों की क्षमता मजबूत करने पर जोर दिया गया है।
यह निर्देश केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने मंत्रालय, कोल इंडिया और उसकी अनुषंगी कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में दिए। दिल्ली में हुई बैठक में मंत्री ने कहा कि देश की ऊर्जा जरूरतों को देखते हुए कोयला उत्पादन की क्षमता में लगातार वृद्धि जरूरी है।
इसके साथ ही उत्पादित कोयले के सुचारू डिस्पैच के लिए परिवहन और अन्य आधारभूत संरचनाओं को भी मजबूत करना होगा। उन्होंने कोयले की गुणवत्ता में सुधार के लिए पर्याप्त वाशरी क्षमता विकसित करने पर भी विशेष जोर दिया। देश के पावर प्लांटों में इस समय कोयले की कमी है। इसी के मद्देनजर मंत्री ने बैठक की थी।
मंत्री ने कहा कि बढ़ती मांग के अनुरूप कोयला क्षेत्र में उत्पादन क्षमता, आधुनिक बुनियादी ढांचा और वाशरी सुविधाओं का विस्तार किया जाना आवश्यक है। सरकार का उद्देश्य देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के साथ कोयला आपूर्ति की व्यवस्था को अधिक प्रभावी और विश्वसनीय बनाना है।
यह भी पढ़ें- पावर प्लांटों में कोयले का संकट, जरूरत का सिर्फ 48% स्टॉक; डिस्पैच बढ़ाने में जुटा बीसीसीएल
समीक्षा बैठक में कोयला सचिव विक्रम देव दत्त, कोल इंडिया चेयरमैन बी. साईराम, विभिन्न अनुषंगी कंपनियों के सीएमडी समेत मंत्रालय और कोल इंडिया के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
यह भी पढ़ें- कोल इंडिया में 188 अधिकारियों को महाप्रबंधक पद पर पदोन्नति, बीसीसीएल के 12 नाम शामिल
