चतरा, जागरण संवाददाता। कलश की स्थापना के साथ सोमवार से शारदीय नवरात्रि (Shardiya Navratri 2022) का अनुष्ठान शुरू हो गया। नवरात्रि के अनुष्ठान को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई है। देवी मंदिरों का आकर्षक रूप से सजाया गय है। जहां पर सुबह और शाम को महाआरती का आयोजन किया जाएगा। महाआरती में हजारों लोग उपस्थित होते हैं।

श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए देवी मंदिरों को सजाने और सवारने के साथ-साथ बेहतर व्यवस्था की जा रही है। हालांकि वर्षा के कारण तैयारियों पर थोड़ असर पड़ रहा है। नौ दिनों तक चलने वाला अनुष्ठान को लेकर श्रद्धालु शक्ति की भक्ति में लीन हो जाएंगे। माता की अराधना के लिए भक्त किसी भी प्रकार की कोताही नहीं करना चाहते हैं। उनका प्रयास हो रहा है कि अधिक से अधिक समय माता की भक्ति में व्यतीत हो।

शारदीय नवरात्रि के लिए कलश की स्थापना

शारदीय नवरात्रि का कलश मंदिरों के अलावा घरों में भी लोग स्थापित करते हैं। पूजा को लेकर चारों ओर उत्साह और उमंग वातावरण छाने लगा है। बाजार की रौनक भी बढ़ने लगी। भव्य पंडालों का निर्माण किया जा रहा है। शहर में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर भव्य पंडाल बनाया जा रहा है। पंडालों को सजाने और सवारने का काम वर्षा से थोड़ा प्रभावित है।

दुर्गा पूजा के लिए सामग्रियों की हुई खरीदारी

इन पंडालों में माता दुर्गा की प्रतिमा स्थापित होगी और उसके बाद विधि विधान के साथ उसकी पूजा होगी। नवरात्रि को लेकर पूजन सामग्रियों की खरीदारी के लिए भीड़ उमड़ी हुई है। इधर सुरक्षा का भी व्यापक प्रबंध किया गया है। पुलिस की गश्ती अभी से ही बढ़ा दी गई है। साथ ही संवेदनशील स्थानों पर पुलिस को तैनात किया जा रहा है।

दुर्गा पंडालों में सुरक्षा बल की तैनाती

पूजा पंडालों में पट खुलने के बाद तो तीन दिनों तक स्थायी रूप से दंडाधिकारी के साथ सुरक्षा बल प्रतिनियुक्त रहेंगे, लेकिन कलश स्थापना से लेकर छह दिनों तक संध्या आरती के समय जिला बल के जवानों को प्रतिनियुक्त किया गया है। पूजा को शांतिपूर्ण रूप से संपन्न कराने के लिए जिला पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से कटिबद्ध है।

Edited By: Julqar Nayan

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