बोाकरो में मां ने मोबाइल गेम खेलने से रोका तो चौथी मंजिल से कूद गया 10वीं का छात्र, मौत
चास के तेलीडीह में मोबाइल गेम खेलने से मना करने पर 16 वर्षीय किशोर राहुल कुमार ने चौथी मंजिल से ...और पढ़ें

बेटे को पढ़ाने के लिए पुरूलिया से चास में आकर रहता मृतक का परिवार।
HighLights
16 वर्षीय किशोर राहुल ने चौथी मंजिल से कूदकर जान दी।
मां ने मोबाइल गेम खेलने से मना किया था।
पुलिस मोबाइल गेम की लत को मुख्य कारण मान रही है।
जागरण संवाददाता, बोकारो। चास थाना क्षेत्र के तेलीडीह स्थित देव मार्केट में रविवार अहले सुबह मोबाइल गेम खेलने से मना किए जाने पर 16 वर्षीय किशोर शिवांश उर्फ राहुल कुमार ने चौथी मंजिल से कूदकर जान दे दी। राहुल ऑक्सफोर्ड पब्लिक स्कूल में दसवीं कक्षा का छात्र था और वर्ष 2027 में मैट्रिक की परीक्षा देने की तैयारी कर रहा था।
परिजनों के अनुसार राहुल को मोबाइल पर गेम खेलने की काफी लत था। वह अधिकांश समय मोबाइल में व्यस्त रहता था। शनिवार रात भी वह मोबाइल देखने और गेम खेलने के लिए मां से मोबाइल मांग रहा था।
मां ने उसे मोबाइल देने से मना कर दिया। इसके बाद वह सो गया। सुबह-सुबह मां के सोने के दौरान राहुल छत पर पहुंचा और वहां से नीचे छलांग लगा दी। विदित हो कि मृतक का पिता सिकंदराबाद में काम करता था। मां बेटे को पढ़ाने के लिए चास में रहती थी।
टहलने की बात कहकर निकला था घर से
परिजनों के अनुसार रविवार सुबह राहुल उठने के बाद मां से बातचीत कर घूमने जाने की बात कहकर घर से निकला था। इसके बाद उसकी मां सोने चली गई। कुछ देर बाद अचानक छत से उसके गिरने की तेज आवाज सुनाई दी। पड़ोसियों ने बाहर निकलकर देखा तो राहुल लहूलुहान अवस्था में जमीन पर पड़ा था। बताया गया कि घटना सुबह करीब पांच से साढ़े पांच बजे के बीच हुई।
सूचना मिलते ही चास पुलिस मौके पर पहुंची और राहुल को अस्पताल ले गई, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए चास अनुमंडल अस्पताल भेज दिया। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में मातम पसर गया।
दो साल से देव मार्केट में रह रहा था परिवार
मृतक के मौसा प्रबल कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिलने पर वे मौके पर पहुंचे। मकान मालिक ने राहुल के छत से गिरने की जानकारी दी। चास थाना प्रभारी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में राहुल के मोबाइल गेम का आदी होने की बात सामने आई है।
वह अक्सर घर में अकेला रहता था और किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करता था। पुलिस मामले की जांच कर रही है। राहुल के पिता युधिष्ठिर महतो मजदूर है जो कि सिकंदराबाद में रहते हैं। जबकि राहुल अपनी मां के साथ देव मार्केट स्थित किराये के मकान में रहता था।
परिवार मूल रूप से पश्चिम बंगाल के श्रीरामपुर जयपुर का रहने वाला है और करीब दो वर्षों से यहां रह रहा था। पुलिस घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। लोग यही चर्चा कर रहे कि अतिरेक में उठाया गया कदम मां-बाप को जिंदगीभर की पीड़ा दे गया।
