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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 17, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Khatiyan Johar Yatra: जब तक शरीर में जान है खतियान नीति को लागू करने से कोई नहीं रोक सकता

By Ravi KumarEdited By: Mohit Tripathi
Published: Sat, 17 Dec 2022 07:53 PM (IST)Updated: Sat, 17 Dec 2022 10:57 PM (IST)

नावाडीह में एक अस्पताल का उद्घाटन करते हुए घर पर धमकी भरा पत्र फेंकने वालों पर जमकर बरसे। उन्होंने कहा ...और पढ़ें

अस्पताल का शिलान्यास करते हुए धमकी देने वालों पर बरसे शिक्षा मंत्री।
अस्पताल का शिलान्यास करते हुए धमकी देने वालों पर बरसे शिक्षा मंत्री।

बोकारो, टीम जागरण: जब तक शरीर में जान है, राज्य में 1932 खतियान आधारित स्थानीय नीति को लागू होने से कोई रोक नहीं सकता है। 1932 खतियान को लेकर कुछ लोगों ने मेरे रांची और भंडरीदह आवास पर पत्र भेज कर जान से मारने की धमकी दी है। मैं ऐसी धमकियों से डरने वाला नहीं हूं। किसी में यदि हिम्मत है, तो सीधे मुकाबला करे। बीमार होने के बावजूद मैं सीधी लड़ाई लड़ने को तैयार हूं। ये बातें शिक्षामंत्री ने नावाडीह के परसबनी पंचायत में एक अस्पताल के शिलान्यास के दौरान लोगों को संबोधित करते हुए कही।

मेरी हिफाजत के लिए जनता खड़ी है

बता दें कि शिक्षा मंत्री के रांची और भंडरदह आवास पर कुछ अज्ञात लोगों ने चिट्ठियां फेंककर जान से मारने की धमकी दी थी। मंत्री ने धमकी पर कहा कि  मेरी जान की हिफाजत के लिए राज्य की जनता खड़ी है। शिक्षामंत्री महतो ने  नावाडीह के परसबनी पंचायत के कंचनपुर गांव में स्वास्थ्य विभाग द्वारा तीन करोड़ 40 लाख की लागत से बनने वाले 50 बेड के प्री फैब्रीकेटेड अस्पताल निर्माण का शिलान्यास किया।

तेजी से कर रहे विकास कार्य

शिलान्यास समारोह को संबोधित करते हुए शिक्षामंत्री महतो ने कहा कि राज्य में हेमंत सोरेन की सरकार विकास कार्यों को तेजी से कर रही है। कंचनपुर में अस्पताल के निर्माण होने से नावाडीह प्रखंड सहित चंद्रपुरा प्रखंड की आधी आबादी को स्वास्थ्य लाभ के लिए बाहर जाना नहीं पड़ेगा। अस्पताल नहीं रहने की वजह से ग्रामीणों को बोकारो व धनबाद जाना पडता है, लेकिन अस्पताल बनने के बाद लोगों को काफी सहूलियत होगी। एक साल में यह अस्पताल बनकर तैयार हो जाएगा।

उच्च शिक्षा के लिए अब नहीं जाना पड़ेगा बाहर

उन्होंने कहा कि नावाडीह प्रखंड में जिस प्रकार उच्च शिक्षा के लिए छात्र छात्राओं को बाहर नहीं जाना पडें, इसके लिए नावाडीह में 25 करोड़ की लागत से डिग्री कालेज का शिलान्यास नए साल में कर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। जबकि करोड़ों की राशि से चिरूडीह में आइटीआइ कालेज का निर्माण जारी है। वहीं लहिया में पिछड़ा आवासीय विद्यालय एवं नेतरहाट के तर्ज पर व टीचर ट्रेनिंग विद्यालय की स्वीकृति दिलाई जागी।

सरकार देगी नौकरी

मंत्री ने कहा कि नावाडीह के मैट्रिक व इंटर पास विद्यार्थी जो आइटीआइ पढ़ना चाहते हैं, वह अपना नामांकन आनलाइन करवा लें, इस वर्ष नावाडीह के विद्यार्थियों को चास आइटीआइ में पढ़ाया जाएगा। प्रथम बैच के पासआउट विद्यार्थियों को सरकार सीधे नौकरी देने का कार्य करेगी। 

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