श्रीनगर, [राज्य ब्यूरो] । सुरक्षाबलों ने रविवार को दक्षिण कश्मीर के रंगमुला (पुलवामा) और (हिल्लर) अनंतनाग में लश्कर व जैश के आतंकियों के दो अलग-अलग गुटों के छिपे होने की सूचना पर घेराबंदी कर तलाशी अभियान (कासो) चलाया, लेकिन दोनों ही जगह सुरक्षाबलों को आतंकियों की समर्थक हिंसक भीड़ को खदेड़ने के लिए बल प्रयोग करना पड़ा।

जानकारी के अनुसार, सुरक्षाबलों ने रविवार दोपहर रंगमुला में पांच आतंकियों को देखे जाने की सूचना पर घेराबंदी करते हुए तलाशी अभियान चलाया, लेकिन लोग भड़काऊ नारेबाजी करते हुए घरों से बाहर निकल आए। उन्होंने सुरक्षाबलों के तलाशी अभियान का विरोध करते हुए पथराव शुरू कर दिया। सुरक्षाबलों ने पहले तो संयम बरता, लेकिन जब हिंसक भीड़ ने कुछ जवानों के साथ मारपीट करते हुए उनके हथियार छीनने का प्रयास किया तो जवानों ने भी बल प्रयोग किया। इसके बाद वहां हिंसक झड़पें शुरू हो गई, जिनकी आड़ में आतंकी भाग निकले।

कुछ लोगों का दावा है कि सुरक्षाबलों ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने के लिए हवा में गोलियां भी दागीं, लेकिन आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। दोपहर बाद सुरक्षाबलों ने रंगमुला में कासो समाप्त कर दिया।शाम छह बजे के करीब सुरक्षाबलों को दक्षिण कश्मीर के हिल्लर में भी आतंकियों के छिपे होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही सेना की 19 आरआर ने सीआरपीएफ की 196वीं वाहिनी और राज्य पुलिस के विशेष अभियान दल के जवानों के साथ मिलकर घेराबंदी कर ली।जवानों ने गांव में आने जाने के सभी रास्ते बंद करते हुए तलाशी अभियान शुरू किया, लेकिन लोग उत्तेजित हो पथराव पर उतर आए। सुरक्षाबलों ने पथराव कर रही भीड़ को हल्के बल प्रयोग से खदेड़ते हुए तलाशी अभियान जारी रखा। देर रात तक हिल्लर में तलाशी अभियान जारी था।

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Posted By: Preeti jha

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