लद्दाख में 42 करोड़ की लागत से खुला अत्याधुनिक आर्टिफिशियल आइस हॉकी रिंक, खिलाड़ियों को सालभर मिलेगी प्रैक्टिस की मदद
लद्दाख को लेह में पहला अंतरराष्ट्रीय स्तर का आर्टिफिशियल आइस हॉकी रिंक मिला, जिसका उद्घाटन उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने किया।

HighLights
लेह में 42 करोड़ का पहला आर्टिफिशियल आइस रिंक।
उपराज्यपाल सक्सेना ने किया उद्घाटन, साल भर अभ्यास संभव।
लद्दाख बनेगा विंटर स्पोर्ट्स हब, स्थानीय अर्थव्यवस्था को लाभ।
लद्दाख में पहला आर्टिफिशियल आइस हाकी रिंक शुरू
उपराज्यपाल बोले, सालभर खिलाड़ी आइस चिलिंग में कर सकेंगे अभ्यास
राज्य ब्यूरो, जागरण जम्मू : लद्दाख में शीतकालीन खेलों को नई ऊंचाई देने की दिशा में उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने वीरवार को लेह के एनडीएस स्टेडियम में प्रदेश के पहले अंतरराष्ट्रीय स्तर के आर्टिफिशियल आइस हाकी रिंक का उद्घाटन किया। करीब 42 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुआ यह अत्याधुनिक आइस हाकी रिंक लद्दाख के युवा खिलाड़ियों के भविष्य में महत्वपूर्ण निवेश है। रिंक में 24 घंटे आइस चिलिंग की सुविधा उपलब्ध होने से खिलाड़ी पूरा साल अभ्यास कर सकेंगे। इससे लद्दाख में आइस हाकी खिलाड़ियों के सामने लंबे समय से चली आ रही सीमित प्रशिक्षण अवधि की समस्या दूर हो गई है।
लद्दाख में प्राकृतिक बर्फ का मौसम काफी कम होता है। अब तक खिलाड़ियों को सर्दियों के दौरान ही प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने का अवसर मिलता था व बर्फ लगभग दो से तीन महीने तक होती थी। नए आर्टिफिशियल आइस रिंक के शुरू होने से लेह में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं हो सकेंगी। उपराज्यपाल सक्सेना ने इस सुविधा को लद्दाख के युवाओं के लिए ऐतिहासिक निवेश बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश को दुनिया के प्रमुख विंटर स्पोर्ट्स हब में बदलने में मदद मिलेगी। यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने व देश के दूरदराज एवं सीमावर्ती क्षेत्रों तक उच्च गुणवत्ता वाली खेल सुविधाएं पहुंचाने के विजन के अनुरूप है। सप्ताह के सातों दिन 24 घंटे चिलिंग सुविधा के कारण अब लद्दाख के युवा खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए सर्दियों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वे पूरे वर्ष प्रशिक्षण ले सकेंगे व राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन के लिए खुद को तैयार कर सकेंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि निरंतर प्रशिक्षण की सुविधा से लद्दाख के खिलाड़ी नई ऊंचाइयों तक पहुंचेंगे व भविष्य में अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। यह रिंक लद्दाख को देश के विंटर स्पोर्ट्स मानचित्र पर व मजबूत पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाएगा। उपराज्यपाल ने कहा कि अत्याधुनिक रिंक से लेह और लद्दाख के अन्य क्षेत्रों से नई खेल प्रतिभाओं की पहचान और उन्हें तराशने में मदद मिलेगी। इसके अलावा, आइस हाकी को बढ़ावा मिलने से खेल प्रतियोगिताओं, प्रशिक्षण शिविरों और खेल पर्यटन के माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिलने की उम्मीद है।
उपराज्यपाल बोले, सालभर खिलाड़ी आइस चिलिंग में कर सकेंगे अभ्यास
राज्य ब्यूरो, जागरण जम्मू : लद्दाख में शीतकालीन खेलों को नई ऊंचाई देने की दिशा में उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने वीरवार को लेह के एनडीएस स्टेडियम में प्रदेश के पहले अंतरराष्ट्रीय स्तर के आर्टिफिशियल आइस हाकी रिंक का उद्घाटन किया। करीब 42 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुआ यह अत्याधुनिक आइस हाकी रिंक लद्दाख के युवा खिलाड़ियों के भविष्य में महत्वपूर्ण निवेश है। रिंक में 24 घंटे आइस चिलिंग की सुविधा उपलब्ध होने से खिलाड़ी पूरा साल अभ्यास कर सकेंगे। इससे लद्दाख में आइस हाकी खिलाड़ियों के सामने लंबे समय से चली आ रही सीमित प्रशिक्षण अवधि की समस्या दूर हो गई है।
लद्दाख में प्राकृतिक बर्फ का मौसम काफी कम होता है। अब तक खिलाड़ियों को सर्दियों के दौरान ही प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने का अवसर मिलता था व बर्फ लगभग दो से तीन महीने तक होती थी। नए आर्टिफिशियल आइस रिंक के शुरू होने से लेह में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं हो सकेंगी। उपराज्यपाल सक्सेना ने इस सुविधा को लद्दाख के युवाओं के लिए ऐतिहासिक निवेश बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश को दुनिया के प्रमुख विंटर स्पोर्ट्स हब में बदलने में मदद मिलेगी। यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने व देश के दूरदराज एवं सीमावर्ती क्षेत्रों तक उच्च गुणवत्ता वाली खेल सुविधाएं पहुंचाने के विजन के अनुरूप है। सप्ताह के सातों दिन 24 घंटे चिलिंग सुविधा के कारण अब लद्दाख के युवा खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए सर्दियों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वे पूरे वर्ष प्रशिक्षण ले सकेंगे व राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन के लिए खुद को तैयार कर सकेंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि निरंतर प्रशिक्षण की सुविधा से लद्दाख के खिलाड़ी नई ऊंचाइयों तक पहुंचेंगे व भविष्य में अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। यह रिंक लद्दाख को देश के विंटर स्पोर्ट्स मानचित्र पर व मजबूत पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाएगा। उपराज्यपाल ने कहा कि अत्याधुनिक रिंक से लेह और लद्दाख के अन्य क्षेत्रों से नई खेल प्रतिभाओं की पहचान और उन्हें तराशने में मदद मिलेगी। इसके अलावा, आइस हाकी को बढ़ावा मिलने से खेल प्रतियोगिताओं, प्रशिक्षण शिविरों और खेल पर्यटन के माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिलने की उम्मीद है।