ऊना, सुरेश बसन। कुठारखुर्द में सजे जनमंच में विधानसभा उपाध्यक्ष ने लोगों की शिकायतों की सुनवाई करते हुए विभिन्न विभागों के अधिकारियों को खूब फटकार लगाई। कहा मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश सरकार जवाबदेह प्रशासन चाहती है, इसलिए कोई भी कोताही सहन नहीं की जाएगी। अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी जनता को सताता हुआ या किसी काम के बदले पैसे मांगता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

जनमंच में पनोह निवासी सोमदत्त ने अपनी समस्या रखते हुए राजस्व अधिकारी पर आरोप लगाए। कहा जमीन की निशानदेही को लेकर पटवारी पैसों की मांग करता है। निशानदेही के लिए समय भी नहीं दे रहा है। बार-बार पटवारखाने के चक्कर लगाकर थक गया हूं। जवाब में विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने कड़ा रुख अपनाते हुए हलके के पटवारी को सामने आने को कहा, लेकिन पटवारी नदारद था। इस पर गुस्से में कहा अगर पटवारी नदारद है तो अनुपस्थिति दर्ज करो। उपायुक्त साहब आप खुद इस मसले को देखें और जरूरत पडऩे पर पटवारी को सस्पेंड भी करना पड़े तो करो। कहा मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश सरकार जवाबदेह प्रशासन चाहती है, इसलिए ऐसे मामलों को गंभीरता से लिया जाए। हालांकि यह शिकायत जनमंच में क्लस्टर स्तर पर चयनित पंचायत से बाहर की थी।

18 साल से नहीं मिली पदोन्नति

जनमंच कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज के समक्ष सरकारी तंत्र के एचआरटीसी विभाग का कर्मी अपने ही विभाग के खिलाफ शिकायत लेकर पहुंचा था। प्रवेश कुमार ने बताया कि वह एचआरटीसी वर्कशॉप ऊना में तकनीशियन वर्कशॉप कार्यरत है। 18 साल से पदोन्नति नहीं मिली। उससे कम शिक्षा वाले कर्मचारियों को विभाग ने एक्सईएन और वकर्स मैनेजर बना दिया। डिप्लोमा भी किया है फिर भी अधिकारी अनदेखी कर रहे हैं।

23 वर्ष की नौकरी पूरी कर चुका हूं। पदोन्नति के मुद्दे को कांग्रेस और भाजपा दोनों पार्टियों के समक्ष उठा चुका हूं। अब बड़ी आस से जनमंच में आया हूं। इस पर विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने कहा कि दुख है कि जनमंच में सरकारी तंत्र के कर्मी भी समस्याओं को लेकर आ रहे हैं। विभाग के अधिकारी क्या कर रहे हैं। विभागीय मामला बिना किसी रोकटोक के हल हो, इसे सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने वर्कशॉप के अधिकारियों को फटकार लगाई तथा प्रवेश कुमार को भी जनमंच से आने से पूर्व सरकार में परिवहन मंत्री के समक्ष जाने की सलाह दी। इसी बीच उपायुक्त संदीप कुमार ने भी विभागीय शिकायत को देखते हुए जनमंच का जिम्मा संभाल रहे विभागीय अधिकारियों को फटकार लगाई और इस शिकायत को अब तक के जनमंच की नेगेटिव लिस्ट की शिकायत बताया।

तुम्हारी नौकरी खा जाऊंगा : हंसराज

नगर परिषद संतोषगढ़ के वार्ड-सात से अपनी पौत्री के साथ पहुंचे रमेश चंद ने खेत में जा रहे रास्ते को रोकने के आरोप एक जनप्रतिनिधि के पति पर जड़े। शिकायत सुनते ही विधानसभा उपाध्यक्ष संबंधित विभाग के अधिकारियों पर बरस पड़े। कहा अगर बुजुर्ग की शिकायत किसी दबाव या पहले से समाधान करने से रोकी जा रही है तो इतना ख्याल कर लेना कि तुम्हारी नौकरी खा जाएंगे हम। मुख्यमंत्री जयराम के नेतृत्व में चल रही सरकार पारदर्शी सरकार है। इसमें गरीब एवं पात्र को न्याय के लिए दर-दर भटकना कतई मंजूर नहीं है। रमेश चंद ने जनप्रतिनिधि के पति पर आरोप लगाए हैं कि उनके खेत को जाने वाले रास्ते को जबरन रोक जा रहा है। स्थानीय अधिकारियों को बताने के साथ-साथ बाथू में हुए जनमंच में भी आवाज उठा चुका हूं। हंसराज ने मामले में संबंधित अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई कर समाधान के आदेश दिए।

बारिश के लिए इंद्रदेव को पत्र भेजेंगे

विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने कई लोगों की समस्याओं को सुना। इस दौरान उन्होंने कई महिलाओं एवं ज्यादातर लोगों से स्थानीय भाषा में ही बात की। इसी बीच भेल सिंह ने पर्यावरण संरक्षण के मद्देनजर कहा कि महोदय जी एक तो ऊना में बारिश नहीं होती इतने में हंसराज ने जवाब देते हुए कहा कि मैं इस बारे में इंद्रदेव को पत्र भेजूंगा, जिस पर सभी हंसने लगे। बाद में पर्यावरण एवं पौधे लगाने सहित उनकी सर्वाइवल रेट पर भी काम करने के लिए अधिकारियों को निर्देश देने की सलाह दी।    

प्यारा सिंह लेकर घूमता रहा शिकायत

बाथड़ी निवासी सरदार प्यारा सिंह क्षेत्र में अवैध खनन की शिकायत लेकर घूमता रहा। हालांकि प्राथमिकता के तौर पर उक्त जनमंच में ऊना उपमंडल के कलस्टर स्तर पर 14 पंचायतों की समस्याओं को प्राथमिकता दी गई थी। इसी बीच जनमंच में पहुंचा प्यारा ङ्क्षसह पंजीकरण काउंटर के पास से ही अवैध खनन की शिकायत को लेकर आग बबूला था। बताया कि बाथू बाथड़ी में यह धंधा जोरों पर है। बाथू में जनमंच के दौरान भी इस मुद्दे को उठाया था। अवैध खनन से मकान को खतरा है। जमीन को नुकसान हो रहा है। जनमंच में प्यारा ङ्क्षसह की समस्या को स्थान तो नहीं मिला लेकिन संबंधित अधिकारियों के इर्द-गिर्द घूमता रहा लेकिन किसी ओर से उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके अलावा जनमंच में समस्याओं को लेकर अन्य पंचायतों के प्रतिनिधियों को भी अपनी समस्याओं को सुनाने का मौका नहीं मिला। बनगढ़ के अनुसूचित जाति के परिवार भी रास्ते की शिकायत को लेकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे लेकिन कलस्टर में शामिल न होने के कारण उनकी समस्या जनमंच में सुनाई नहीं गई।

प्रयास अच्छा लेकिन खामियां दूर करने की जरूरत : रायजादा

जनमंच कार्यक्रम शुरू होने के लगभग आधा घंटे के बाद सदर विधायक सतपाल रायजादा भी आ पहुंचे। उनकी मौजूदगी सभी को हैरान कर रही थी। वह काफी देर तक रुके रहे तथा दोपहर का भोजन करने के बाद कार्यक्रम से गए। उन्होंने विभागीय योजनाओं में सम्मानित होने वाले लोगों तथा पात्रों को मिलने वाले लाभों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। विधायक ने कहा कि प्रदेश सरकार का जनमंच कार्यक्रम जनता से जुड़ा हुआ कार्यक्रम है, इसमें कोई दोराय नहीं है। लेकिन इसमें कई खामियां भी हैं जिन्हें दूर किया जाना चाहिए। ऐसा नहीं होना चाहिए कि अधिकारियों के स्तर पर पूरे होने वाले कार्य जानबूझ कर जनमंच में समाधान के लिए लटकाए जाएं। जनमंच में आने का न्योता विधानसभा उपाध्यक्ष तथा उपायुक्त संदीप कुमार की ओर से मिला था।

साहब, जमीन न होने के कारण चला गया पैसा वापस

उदयपुर निवासी ऊषा देवी ने विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज के सामने अपनी समस्या रखी। बताया कि घर बनाने के लिए राशि जारी की गई थी लेकिन सारा पैसा वापस चला गया। इस पर संबंधित अधिकारी ने बताया कि परिवार के पास घर बनाने के लिए पर्याप्त भूमि नहीं है। जिसकी वजह से पैसा वापस गया है। इस पर विधानसभा उपाध्यक्ष ने डीसी संदीप कुमार को उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए तथा पहले अधिकारियों को जमीन का प्रावधान करने को कहा गया।

साहब, जितनी बारिश बाहर पड़ती है उतनी घर के अंदर

उदयपुर निवासी गुरमीत कौर ने कहा कि साहब, जितनी बारिश घर के बाहर हो होती है उतनी ही बारिश मेरे घर के अंदर पड़ रही होती है। ऐसे में मकान का कोई फायदा नहीं है। पानी घर में घुस जाता और मकान की मरम्मत के लिए पैसा भी नहीं मिल रहा। जबकि सामाजिक सुरक्षा पेंशन भी नहीं मिल रही। इस पर विधानसभा उपाध्यक्ष ने पंचायत सचिव व कल्याण विभाग को कार्रवाई करने को कहा। उदयपुर की बलविंद्र कौर ने भी अपने मकान की मरम्मत व बरसाती पानी की सही निकासी न होने का मामला उठाया।

पति दिव्‍यांग पर बीपीएल में नहीं नाम

जनमंच में कुठार कलां निवासी कुशल कुमार की पत्नी ने कहा कि उनके पति दिव्यांग हैं और घर में कमाने वाला कोई सदस्य नहीं है। बीपीएल में नाम न होने की वजह से उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ भी नहीं मिल पा रहा। इस पर उपायुक्त संदीप कुमार ने कहा कि बीपीएल सूचियों की समीक्षा के लिए ग्राम सभा की बैठक होने जा रही हैं, ऐसे में संबंधित ग्राम पंचायत इस मामले पर बैठक में चर्चा करे। आबादा बराना के तरसेम लाल ने कहा कि उनके घर के पास वन विभाग का पेड़ है। जिससे उनके मकान को खतरा है और विभाग ने अभी तक यह पेड़ काटा नहीं है। इस पर विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने वन विभाग को जल्द से जल्द समस्या का हल करने के निर्देश दिए।

साहब, फाइल बांबे चली गई, मेरी जमीन कर दो वापस

सुरजेहड़ा निवासी सतीश ने अपनी समस्या बताई। कहा की कुछ वर्ष पहले ङ्क्षरग लगाने के लिए अपनी जमीन दी थी। जिस पर ङ्क्षसचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा रिंग का कार्य किया जाना था लेकिन विभाग अब उक्त कार्य की डीपीआर फाइल ऊपर भेजी हुई बता रहा है, क्या फाइल शिमला की बजाय बांबे चली गई है। इस पर संबंधित अधिकारियों ने कार्य को जल्द शुरू कराने का आश्वासन दिया।

जनप्रतिनिधि भी बने फरियादी 

जनमंच में पंचायत उपप्रधान झुड़ोवाल ने जहां गांव के व्यक्ति द्वारा रास्ते को क्षति पहुंचाने के बारे में अवगत कराया, वहीं कुठार खुर्द के प्रधान अशोक कुमार ने गांव में ओवरलोड मालवाहकों एवं ट्रैक्टरों के बारे में अपनी बात रखी। जिस पर पुलिस अधीक्षक को दिशा-दिशा निर्देश दिए गए। वहीं रामपुर निवासी पंकज ने मकान के पास डंगा, झुड़ोवाल से सुंदर ने स्थानीय इंडियन आयल डंप में स्थानीय लोगों को नौकरी न देने, कश्मीर कौर ने डंगा, बलङ्क्षवद्र कौर ने मकान के पास डंगा, जीआर वर्मा ऊना ने पेयजल रिसाव, उर्मिला देवी ने जमीन अॅलाटमेंट संबंधी अपनी समस्याओं को जनमंच में रखा। जिनका समाधान करने के लिए संबंधित अधिकारियों को दिशा निर्देश भी दिए गए।

Posted By: Rajesh Sharma

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