विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

शिमला में टूरिस्ट की भीड़ ने सड़कों पर बढ़ाया ट्रैफिक दबाव, पुलिस ने उतारे अतिरिक्त जवान; 16 लाख गाड़ियां पहुंची अब तक

By Rohit Sharma Edited By: Rajesh Sharma
Published: Sun, 21 Jun 2026 04:19 PM (IST)Updated: Sun, 21 Jun 2026 05:00 PM (IST)

शिमला में गर्मी के मौसम में पर्यटकों की भारी भीड़ के कारण सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया है। ...और पढ़ें

शिमला की सड़कों पर लगा ट्रैफिक जाम और रिज पर घूमते पर्यटक। जागरण

शिमला की सड़कों पर लगा ट्रैफिक जाम और रिज पर घूमते पर्यटक। जागरण

HighLights

  1. पुलिस ने यातायात प्रबंधन हेतु जवानों की संख्या में वृद्धि की।

  2. डेढ़ माह में शिमला में 16 लाख से अधिक वाहन पहुंचे।

  3. पुलिस ने वैकल्पिक मार्गों के उपयोग की अपील की।

जागरण संवाददाता, शिमला। हिल स्टेशन शिमला में समर सीजन पीक पर है। मैदानी राज्यों में तपती गर्मी से छुटकारा पाने के लिए भारी संख्या में सैलानी शिमला पहुंच रहे हैं। रोजाना अन्य राज्यों से पर्यटकों की हजारों गाड़ियां शिमला पहुंच रही हैं। ऐसे में शिमला में बढ़ता ट्रैफिक दबाव पुलिस के लिए चुनौती बन गया है। ट्रैफिक के बेहतर प्रबंधन के लिए शिमला पुलिस ने अब जवानों की संख्या बढ़ा दी है।

पर्यटन सीजन को देखते हुए यातायात ड्यूटी पर तैनात पुलिस एवं होमगार्ड कर्मियों की संख्या 136 से बढ़ाकर 220 कर दी गई है। इसके अतिरिक्त लगभग 50 सिविल वालंटियर्स एवं छात्र स्वयंसेवक भी यातायात प्रबंधन में सक्रिय सहयोग प्रदान कर रहे हैं, जबकि ट्रैफिक राइडर्स की संख्या 7 से बढ़ाकर 32 की गई है। ट्रैफिक बाइक राइडर्स विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर त्वरित प्रतिक्रिया एवं तत्काल यातायात बहाली सुनिश्चित कर रहे हैं।

डेढ़ माह में 16 लाख से अधिक वाहन पहुंचे

शिमला पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार मई एवं जून 2026 के दौरान अब तक जिला शिमला के विभिन्न प्रवेश मार्गों से 16 लाख से अधिक वाहनों की आवाजाही दर्ज की गई है। इनमें मई माह में लगभग 8.5 लाख तथा जून माह में अब तक लगभग 7.5 लाख वाहनों का आवागमन रिकॉर्ड किया गया है।

यह आंकड़ा प्रदेश के किसी भी पर्यटन केंद्र पर यातायात के अत्यधिक दबाव को दर्शाता है। शिमला पुलिस ने बेहतर निगरानी एवं प्रभावी नियंत्रण के लिए पूरे शहर को पांच सेक्टरों में विभाजित किया गया है।

800 वाहन शहर के बाहर से पहुंच रहे ऊपरी शिमला

शहर के भीतर यातायात दबाव कम करने के लिए कुफरी, मशोबरा, नारकंडा, हाटू तथा अपर शिमला और किन्नौर के अन्य पर्यटन स्थलों की ओर जाने वाले वाहनों को शोगी-मेहली बाईपास मार्ग के उपयोग के लिए लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है। वर्तमान में प्रतिदिन औसतन लगभग 800 वाहनों को इस वैकल्पिक मार्ग की ओर डायवर्ट किया जा रहा है, जिससे शिमला शहर के भीतर यातायात का दबाव काफी हद तक कम हुआ है।

इसी प्रकार से ऊपर शिमला की तरफ से चंडीगढ़ दिल्ली की ओर जाने वाले वाहनों को ढली बाइफरकेशन से डायवर्ट किया जा रहा है।

पुलिस की अपील

एसएसपी शिमला गौरव सिंह का कहना है कि निजी वाहनों पर निर्भरता कम करने के उद्देश्य से ट्रैवलर, अर्बेनिया, स्कैनिया एवं अन्य सार्वजनिक परिवहन वाहनों को कार्ट रोड और मुख्य टूरिस्ट स्पॉट्स पर संचालन की अनुमति प्रदान की गई है। वहीं यातायात नियमों के प्रभावी अनुपालन एवं सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए इंटरसेप्टर वाहन भी लगातार कार्यरत हैं। अपील है कि यातायात नियमों का पालन करें, निर्धारित पार्किंग स्थलों का उपयोग करें तथा वैकल्पिक मार्गों को अपनाकर शिमला को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं पर्यटक-अनुकूल बनाए रखने में अपना सहयोग प्रदान करें।

यह भी पढ़ें: हिल स्टेशन शिमला में अब कीजिए साइकिल पर सैर, शहर में बनेंगे दो ट्रैक; नगर निगम का स्टैंड और पार्किंग पर जोर 

 

यह भी पढ़ें: शिमला को ट्रैफिक जाम से मिल सकती है राहत, शहर में टनल निर्माण की तैयारी, टालैंड से आईजीएमसी तक का प्रस्ताव