शिमला शहर में गाड़ी पार्क करना होगा सस्ता, स्मार्ट सिटी मिशन के तहत बनी पार्किंग की घटेंगी दरें
शिमला में स्मार्ट सिटी मिशन के तहत बनी चार प्रमुख पार्किंग में अब शुल्क कम करने का निर्णय लिया गया है। इससे स्थानीय वाहन चालकों और पर्यटकों को राहत मिलेगी।

शिमला शहर पार्किंग शुल्क कम होंगे। प्रतीकात्मक फोटो
HighLights
शिमला स्मार्ट सिटी पार्किंग में शुल्क कम करने का निर्णय।
स्थानीय वाहन चालकों और पर्यटकों को मिलेगी बड़ी राहत।
शहर में बेतरतीब पार्किंग की समस्या होगी कम।
जागरण संवाददाता, शिमला। हिमाचल प्रदेश के शिमला शहर में स्मार्ट सिटी मिशन के तहत तैयार की गई चार प्रमुख पार्किंग में निर्धारित शुल्क को कम करने का निर्णय लिया गया है। इससे शहर में आने वाले स्थानीय वाहन चालकों के साथ पर्यटकों को भी राहत मिलेगी। स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत एसीपी परिसर कसुम्पटी में करीब 350 वाहनों, ऑकलैंड में 145, टूटीकंडी में 90 और संजौली में 105 वाहनों की क्षमता वाली पार्किंग तैयार की गई हैं। इन पार्किंग का अधिकतम इस्तेमाल होने से शहर में वाहनों को व्यवस्थित तरीके से खड़ा करने में मदद मिलेगी।
कई गुना अधिक था शुल्क
दरअसल, स्मार्ट सिटी के तहत तैयार पार्किंग में शुल्क सामान्य पार्किंग की तुलना में कई गुना अधिक होने के कारण इनका अपेक्षित इस्तेमाल नहीं हो पा रहा था। पार्किंग उपलब्ध होने के बावजूद लोग सड़क किनारे वाहन खड़ा करना अधिक सुविधाजनक और सस्ता समझ रहे थे। इससे शहर में यातायात व्यवस्था पर भी असर पड़ रहा था। अब नगर निगम इन पार्किंग की दरों को कम करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाएगा।
मिशन के तहत कई जगह पार्किंग निर्माण
स्मार्ट सिटी मिशन के तहत राजधानी में वाहन पार्किंग की सुविधा बढ़ाने के लिए कई स्थानों पर पार्किंग तैयार की गई हैं। इनमें बहुमंजिला और ओपन पार्किंग शामिल हैं। इन पार्किंग में पहले निर्धारित शुल्क आम वाहन चालकों के लिए काफी अधिक था। घरेलू और व्यावसायिक पार्किंग के बीच भी शुल्क में अंतर रखा गया था।
पहले यह थी दरें
प्रस्तावित शुल्क के अनुसार दो घंटे तक कार पार्क करने के लिए 50 रुपये, चार घंटे तक 75 रुपये, छह घंटे तक 100 रुपये, 12 घंटे तक 150 रुपये और 24 घंटे तक 200 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया था। बड़े वाहनों के लिए शुल्क इससे भी अधिक था। ऐसे में कुछ घंटों के लिए वाहन खड़ा करने पर भी लोगों को अच्छी-खासी राशि खर्च करनी पड़ रही थी।
अब वाहन चालकों को मिलेगी राहत
अब शुल्क कम करने का उद्देश्य पार्किंग को आम लोगों की पहुंच में लाना है। नगर निगम चाहता है कि लोग सड़क किनारे वाहन खड़ा करने के बजाय निर्धारित पार्किंग स्थलों का इस्तेमाल करें। इससे शहर में बेतरतीब पार्किंग की समस्या कम करने में मदद मिलेगी।
