विधि संवाददाता, शिमला : वन विभाग के प्रधान मुख्य अरण्यपाल एसी शर्मा ने बताया कि यदि हरियाली बरकरार रखनी है तो स्थानीय प्रजातियों के पेड़-पौधों को प्राथमिकता देनी होगी। पौधों को बीमारियों से बचाने के लिए कारगर कदम उठाने होंगे। हाईकोर्ट में वन विभाग से जुड़े मामलों की पेशी से फुर्सत पाते ही एसी शर्मा ने परिसर में उगाए पौधों का निरीक्षण किया।

उन्होंने हाईकोर्ट परिसर में रोपे गैंको बिलोबा पौधे की खासियत बताई। इस पौधे की प्रजाति हिरोशिमा व नागासाकी में परमाणु बम गिराए जाने के बावजूद बनी रही। बुरांश के पौधे की खासियत यह है कि अभी तक इसे आर्टिफिशियल तरीके से नहीं उगाया जा सका है। यह प्राकृतिक रूप से खुद ही उगता है। निरीक्षण के दौरान जिन पौधों को खाद की आवश्यकता थी उनमें खाद डाली व पौधों की गुड़ाई भी की। वकीलों को उन्होंने पौधों की देखरेख की जानकारी भी दी। लोगों को सलाह दी कि वे पेड़-पौधों से दुश्मनी छोड़ इन्हें दिल से अपनाएं तभी भविष्य में स्वस्थ जीवन की कल्पना की जा सकती है।

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