'दिल्ली रैली में हिमाचल से जाएंगे 10 से 15 हजार कार्यकर्ता', शिमला में इंडी गठबंधन के नेताओं का दावा
इंडी गठबंधन ने वोट चोरी और विशेष गहन पुनरीक्षण के मुद्दे पर केंद्र व चुनाव आयोग के खिलाफ 1 नवंबर ...और पढ़ें

शिमला में पत्रकार वार्ता करते इंडी गठबंधन के नेता। जागरण
HighLights
इंडी गठबंधन की 1 नवंबर को दिल्ली में महारैली।
वोट चोरी और एसआइआर मुद्दे पर केंद्र को घेरा।
हिमाचल से 10-15 हजार कार्यकर्ता रैली में होंगे शामिल।
राज्य ब्यूरो, शिमला। वोट चोरी और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के मुद्दे पर विपक्षी दलों ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। इंडी गठबंधन ने इस मुद्दे पर एकजुटता दिखाते हुए एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी रैली करने की घोषणा की है। हिमाचल प्रदेश से 10 से 15 हजार लोगों के रैली में शामिल होने का दावा किया गया है।
शनिवार को शिमला स्थित कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में आयोजित संयुक्त प्रेस वार्ता में कांग्रेस और माकपा नेताओं ने आरोप लगाया कि देश में मताधिकार और निष्पक्ष चुनाव की व्यवस्था पर खतरा मंडरा रहा है।
10 लाख लोगों के शामिल होने का दावा
हिमाचल कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल ने कहा कि वोट चोरी के मुद्दे पर सभी विपक्षी दल कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली की रैली में करीब 10 लाख लोग शामिल होंगे। पाटिल ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि भाजपा और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की मिलीभगत से 13 करोड़ लोगों के मताधिकार को छीना गया है। कांग्रेस इस मुद्दे पर निर्णायक लड़ाई लड़ेगी। पार्टी एक माह तक ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान भी चलाएगी।
निष्पक्ष चुनाव के लिए सभी विपक्षी दल आएं साथ
माकपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक राकेश सिंघा ने कहा कि देश को बचाने के लिए संविधान की रक्षा जरूरी है। निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव नहीं होना संविधान पर हमला है। उन्होंने कहा कि मताधिकार की रक्षा के लिए सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों को एकजुट होना पड़ेगा। सिंघा ने 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन का उल्लेख करते हुए कहा कि जिस तरह उस समय अंग्रेजों को भारत छोड़ना पड़ा था, उसी तरह अब मौजूदा सरकार को भी सत्ता छोड़नी पड़ेगी। उन्होंने इंडिया गठबंधन से लोगों के मताधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष तेज करने का आह्वान किया।
माकपा का हमला
माकपा नेता संजय चौहान ने केंद्र की भाजपा सरकार पर तानाशाही रवैया अपनाने और संविधान व लोकतंत्र पर लगातार हमले करने के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि एक नवंबर की रैली को असफल बनाने की कोशिश की जा रही है। यदि लोगों को दिल्ली जाने से रोका गया तो जहां उन्हें रोका जाएगा, वहीं रामलीला मैदान बना दिया जाएगा।
राहुल गांधी के विदेश दौरों पर भी दिया जवाब
राहुल गांधी के विदेश दौरों को लेकर भाजपा के हमलों पर रजनी पाटिल ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि भाजपा को पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। जिन लोगों ने 52 साल तक अपने कार्यालय में तिरंगा नहीं लगाया, उन्हें इस तरह के सवाल पूछने का अधिकार नहीं है।
कांग्रेस के एआइसीसी पर्यवेक्षक राव दान सिंह ने कहा कि वोट चोरी का मुद्दा किसी एक राजनीतिक दल का नहीं, बल्कि प्रत्येक भारतीय का है। प्रेस वार्ता में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार, प्रदेश मामलों के सह प्रभारी विदित चौधरी, कांग्रेस विधायक कुलदीप सिंह राठौर और प्रदेश कांग्रेस संगठन महासचिव विनोद जिंटा भी उपस्थित रहे।
