शिमला, जेएनएन। कोटखाई छात्रा दुष्कर्म व हत्या केस के बाद पुलिस हिरासत में सूरज की मौत मामले में एक और पुलिस अधिकारी को जमानत मिल गई है। आइजी जहूर जेदी के बाद अब शिमला के पूर्व एसपी डी डब्ल्यू नेगी भी जमानत पर बाहर आ गए हैं। पुलिस हिरासत में सूरज की मौत मामले में अधिकारी आरोपित हैं। नवंबर 2017 में सीबीआइ के हाथों इनकी गिरफ्तारी हुई थी और अब हाइकोर्ट से जमानत हुई है। आइजी जैदी को सुप्रीमकोर्ट से बीते दिनों जमानत मिली है। अभी 7 पुलिस कर्मी जेल में बंद हैं, इनमें डीएसपी मनोज जोशी भी शामिल हैं। सभी आरोपित पुलिस अधिकारी और कर्मी निलंबित चल रहे हैं।

छात्रा से दुष्कर्म व हत्या के आरोप में सूरज पुलिस हिरासत में था व इस दौरान उसकी संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी। दुष्कर्म का मामला जुलाई 2017 का है। छात्रा स्कूल से लापता हुई थी व दांदी के जंगल में उसकी लाश मिली थी। काफी दिनों की जांच के बाद पुलिस ने सूरज को गिरफ्तार किया था, लेकिन उसकी पुलिस हिरासत में मौत के बाद सवाल उठे थे व मामले की जांच सीबीआइ को सौंपी गई थी।

Posted By: Rajesh Sharma