शिमला, राज्य ब्यूरो। Coronavirus Second Wave, हिमाचल सरकार ने स्वीकारा है कि शैक्षणिक संस्थानों में विद्यार्थियों व युवाओं में कोरोना संक्रमण अति गंभीर मामला है। जैसे ही स्कूल खोले गए, कई विद्यार्थी कोरोना संक्रमित निकले। सरकार ने शैक्षणिक संस्थानों में कोरोना संक्रमण के पैर पसारने के आरंभिक मामलों को देखते हुए संस्थान 21 अप्रैल तक बंद कर दिए थे। स्कूली विद्यार्थियों में कोरोना संक्रमण के मामले सामने आने पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने चिंता जताई है। उनका कहना है कि वर्ष 2020 में माना जा रहा था कि सामान्य उम्र के लोगों पर ही कोरोना संक्रमण का खतरा है।

कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में स्कूली विद्यार्थियों व युवाओं में संक्रमण के मामले आना चिंता का विषय है। युवा पीढ़ी को कोरोना संक्रमण से सुरक्षित रखने के लिए सरकार शीघ्र पुख्ता कदम उठाएगी। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की ओर से शैक्षणिक संस्थानों में कोरोना संक्रमण फैलने से रोकने के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए हैं। कोविड-19 के सामान्य दिशा निर्देश के तहत स्कूलों में कक्षाएं सैनिटाइज की जा रही थीं।

राजधानी शिमला के तहत आने वाले कान्वेंट ताराहाल स्कूल में कई छात्राएं कोरोना संक्रमित हुई थीं। चंबा जिला में नवोदय स्कूल में 48 विद्यार्थी, डलहौजी स्थित एक स्कूल में 64 स्कूली छात्र कोरोना संक्रमित हुए थे। मंडी जिला के दो नर्सिंग कॉलेजों में छात्राओं के अलावा चार दिन पहले हमीरपुर स्थित एनआइटी में विद्यार्थियों के कोरोना संक्रमित होने के बाद हॉस्टल बंद कर दिए गए थे।

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप