ऊना, सतीश चंदन। Una Robbery Case, बेशक ऊना शहर में एक बड़े शराब कारोबारी राणा इंटरप्राइजेज के आफिस में रिवाल्वर की नोक पर ह़ुई नौ लाख रुपये की लूट मामले को सुलझाने में पुलिस ने काफी अहम भूमिका निभाई थी। पुलिस ने इस लूट से संबंधित पांच आरोपितों को कड़ी मशक्कत के बाद गिरफ्तार किया था। बावजूद इसके इस बड़ी वारदात में शामिल कुछ और आरोपित अभी भी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं। इनमें से दो तो ऐसे बताए जाते हैं जोकि देश के एक अन्य राज्य के नामी गैंगस्टरों से जुड़े हुए हैं।

बेशक ऊना पुलिस ने संदिग्ध आरोपितों का सुराग बहुत पहले ही लगा लिया था, लेकिन उन पर हाथ डालना इतना आसान नहीं नहीं है। यही कारण है कि ऊना पुलिस लगातार उनको दबोचने के लिए जाल बिछाकर बैठी हुई है। इस टीम में जिले के तेजतर्रार पुलिस अधिकारियों व कर्मियों को शामिल किया गया है। करीब आठ माह से पुलिस को संदिग्ध व खुंखार प्रवृत्ति के आरोपितों को दबोचने के लिए काफी पसीना बहाना पड़ रहा है। कई दफा तो पुलिस आरोपितों के पास भी पहुंची, लेकिन उनका नेटवर्क पुलिस से भी तेज होने के कारण पुलिस खाली हाथ लौटती रही। लंबे समय से देश के बड़े राज्य में खाक छानने के बाद अब पुलिस टीम को उम्मीद जगी है। इसलिए पुलिस टीम लूट में शामिल आरोपितों के पास पहुंचने के बाद उन्हें ऊना में लाने के लिए पूरी योजना का खाका तैयार कर चुकी है। जिला पुलिस के आला अधिकारी इस मामले दबी जुबां में आरोपितों के ठिकानों तक पहुंचने का दावा कर रहे हैं, लेकिन पुलिस आरोपितों को यहां लाने से पहले किसी भी तरह की सूचना लीक नहीं कर रही है।

ऊना शहर में शराब कारोबारी के कार्यालय में हुई लूट के मामले में पुलिस ने पहले भी काफी सफलता प्राप्त की। पुलिस ने पंजाब, चंडीगढ़ व लुधियाना में आरोपितों दबोचने के लिए दबिश दी। इस मामले में बेशक पांच आरोपित जेल की सलाखों के पीछे हैं लेकिन इस लूट में शामिल कुछ अन्य आरोपितों की धरपकड़ के लिए पुलिस अपनी कार्रवाई में जुटी हुई है।

-अर्जित सेन ठाकुर, पुलिस अधीक्षक, ऊना।

Edited By: Virender Kumar