जयसिंहपुर, संवाद सूत्र। Himachal Martyr Vivek Kumar, हिमाचल प्रदेश जयसिंहपुर के बलिदानी विवेक कुमार की पार्थिव देह घर पहुंचने के लिए अभी इंतजार करना होगा। बलिदानी का पार्थिव देह जयसिंहपुर लाने से पहले उसके माता पीता का डीएनए सैंपल लिया जाएगा। डीएनए सैंपल जांच को दिल्ली भेजा जाएगा। इसके बाद ही दिल्ली से पार्थिव देह को जयसिंहपुर लाया जा सकेगा। स्वजनों के डीएनए के लिए गांव अप्पर ठेहड़ू कोसरी गांव में नाहन से मेडिकल टीम पहुंची है। टीम ने जांच के लिए डीएनए सैंपल लिया है, जिसे दिल्ली भेजा जाएगा। उसके बाद पार्थिव देह को दिल्ली से जयसिंहपुर लाया जाएगा। गांव में जवान बेटे की मौत के बाद हर शख्‍स स्‍तब्‍ध है। शहीद की मां रो-रोकर बेहाल है।

जयसिंहपुर में विलाप करते शहीद विवेक कुमार के स्‍वजन।

तमिलनाडू के कन्‍नूर में हुए हे‍लीकाप्‍टर क्रैश के बाद न केवल अप्पर ठेहडू कोसरी गांव बल्कि पूरा जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा व हिमाचल प्रदेश इस वक्त शोक में है। देश ने जहां एक जांबाज जनरल खो दिया है वहीं हिमाचल ने ठेहडू कोसरी के इस युवा बेटे को खो दिया है जो मां भारती की रक्षा के लिए तैनात था।

शहीद विवेक कुमार के प‍िता।

तमिलनाडू में कन्‍नूर के पास भारतीय वायुसेना का हेलीकाप्टर दुर्घनाग्रस्त होने से देश के पहले चीफ आफ डिफेंस (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत उनकी पत्नी मधुलिका रावत समेत 13 लोगों की मौत हो गई है। वहीं इस दुर्घटना में हिमाचल के वीर सुपूत विवेक कुमार भी शहीद हो गए।

उनका शव जयसिंहपुर तब लाया जाएगा जब उनके माता पिता के डीएनए रिपोर्ट दिल्ली पहुंचेगी। इसके लिए नाहन की चिकित्सकों की टीम डीएनए सैंपल लेने के लिए सुबह ही जयसिंहपुर पहुंच गई थी। विवेक की शहादत की खबर के बाद पूरे गांव व जयसिंहपुर में मातम पसरा है। लोग शहीद के परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं।

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Edited By: Rajesh Kumar Sharma