संवाद सूत्र, परागपुर : जिला कांगड़ा के सरकारी स्कूलों में कई शास्त्री अध्यापकों के पद खाली पड़े हैं। इसके चलते संस्कृत विषय पढ़ने वाले विद्यार्थियों को इससे वंचित रहना पड़ रहा है जबकि इन खाली शास्त्री पदों को भरने के लिए प्राथमिक शिक्षा विभाग धर्मशाला द्वारा भूतपूर्व सैनिकों आश्रित बच्चों से 24 अप्रैल 2018 को काउंस¨लग इंटरव्यू लिया गया था। जिसमें जिला कांगड़ा में शास्त्री पद के लिए 16 पोस्ट भरने के लिए शिक्षा विभाग ने नोटिफिकेशन जारी की थी। 26 अगस्त 2018 को परीक्षित स्नातक कला के 170 पद नॉन मेडिकल के 116 पद और मेडिकल  अभी अध्यापकों के 184 पदों पर नियुक्तियां दी गई थी और प्राथमिक शिक्षा विभाग द्वारा इन शास्त्री 16 पदों का परिणाम अभी तक रुका हुआ है। इसका समय पांच महीने का हो गया तथा उच्च न्यायालय को दिए हुए शपथ पत्र को भी अनदेखा किया जा रहा है। बेरोजगार जितेंद्र ¨सह,  अनिल चौधरी,   शम्मी शर्मा, तरसेम पाल, मुकेश कुमार,  सन्नी कुमार, चंद्रपाल,  कुंदन शर्मा,  दीपक कुमार ने सरकार व शिक्षा विभाग से मांग की है कि जल्द शास्त्री पद के लिए हुए साक्षात्कार का परिणाम घोषित किया जाएगा अन्यथा न्यायालय में अर्जी दायर करने पड़ेगी। 

Posted By: Jagran