शिमला, जेएनएन। हिमाचल प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र सोमवार को दोपहर दो बजे शांतिपूर्वक शुरू हुआ। सदन में पूर्व विधायकों मेला राम सावर, रणजीत सिंह बख्शी, कुमारी श्यामा शर्मा, रघुराज, तुलसी राम शर्मा, ओंकार चंद व विधायक सुजान सिंह के निधन पर सदन में शोक प्रस्ताव आया। इनमें सत्ता पक्ष और विपक्ष के विधायकों ने शोक जताया। इसके बाद 2020-21 के लिए अनुपूरक बजट पेश होगा। अनुदान मांगों पर चर्चा होगी और इन्हें पारित भी किया जाएगा। राज्यपाल के बजट अभिभाषण पर राजीव बिंदल धन्यवाद प्रस्ताव पेश करेंगे। मुख्य सचेतक नरेंद्र बरागटा इसका समर्थन करेंगे। इस प्रस्ताव पर चर्चा होगी।

इससे पहले नेता प्रतिपक्ष व निलंबित विधायकों समेत कांग्रेस के अन्‍य सदस्‍य विधानसभा गेट पर बैठ गए। विधानसभा गेट के बाहर कांग्रेस के विधायक सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इनमें निलंबित विधायक भी शामिल रहे। महंगाई के खिलाफ सरकार की आलोचना की। महंगाई व बेरोजगारी के खिलाफ हाथ में पोस्टर लिए हुए थे।

हिमाचल विधानसभा के बजट सत्र के पहले ही दिन राज्यपाल से अभद्रता पर नेता प्रतिपक्ष सहित पांच विधायकों के निलंबन के बाद अब 90 मार्शलों की तैनाती की गई है। ये 90 मार्शल प्रदेश विधानसभा परिसर के मुख्य प्रवेश द्वार से लेकर सभी द्वार पर तैनात रहेंगे। विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज ने बताया ये सुनिश्चित करेंगे कि नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री सहित निलंबित पांचों विधायक विधानसभा में प्रवेश न कर जाएं।

सीएम पेश करेंगे अनुपूरक बजट

विधानसभा में अनुपूरक बजट पेश होगा। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर विधानसभा में अनुपूरक बजट पेश करेंगे। कोरोना काल के दौरान परिवहन निगम, पर्यटन विकास निगम सहित अन्य कई कार्यों की पूॢत के लिए कितना पैसा खर्च किया और किस विभाग को कितना बजट चाहिए। इस खर्च को बजट का हिस्सा बनाने के लिए करीब डेढ़ हजार करोड़ रुपये के खर्च का ब्योरा पेश किया जाएगा।

छिड़ी है जुबानी जंग

हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मुख्यद्वार पर राज्यपाल से बदसुलूकी और रास्ता रोकने के मामले में सत्ता पक्ष और विपक्ष में जुबानी जंग छिड़ गई है। सत्ता पक्ष विपक्ष के खिलाफ इस प्रकरण को भुनाने में जुटा है तो विपक्ष कांग्रेस के पांच विधायकों के निलंबन को हवा दे रहा है। इस बीच सोमवार को दो दिन के बाद फिर विधानसभा का बजट सत्र शुरू हुआ। सत्र की कार्यवाही दोपहर दो बजे शुरू हुई। सदन के अंदर और बाहर सियासत गरमा गई है।

सरकार कार्रवाई पर अड़ी

सरकार कड़ी कार्रवाई पर अड़ी हुई है। हालांकि पांच विधायकों की गिरफ्तारी पर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है। राजनीति के जानकारों के अनुसार सत्ता पक्ष मामले में फूंक-फूंक कर कदम रखेगा ताकि विपक्ष सियासी लाभ न उठाएं। सरकार के अंदर एक पक्ष ऐसा भी है, जो पांचों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का पक्षधर है। वह निलंबन संपूर्ण सत्र के लिए जारी रखना चाहता है।

राज्‍यपाल के बजट अभिभाषण पर किया था हंगामा

सत्र के पहले दिन राज्यपाल के बजट अभिभाषण पर विपक्ष ने हंगामा किया था और विधानसभा के बाहर राज्यपाल से बदसुलूकी भी हुई। इस पर पांच कांग्रेस विधायकों नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, हर्षवद्र्धन चौहान, विनय कुमार, सुंदर ठाकुर व सतपाल रायजादा को पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया। साथ ही एफआइआर भी दर्ज की गई।

Indian T20 League

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप

kumbh-mela-2021