यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 06, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
दिवाली पर इलेक्ट्रानिक्स मार्केट कारोबारी निराश, बोले- आनलाइन प्लेटफार्म ने बुरी तरह प्रभावित की सेल
Kangra Electronics Market कोरोना संकट आज नहीं तो कल समाप्त हो जाएगा लेकिन व्यापारियों पर जो सबसे ज्यादा संकट मंडरा ...और पढ़ें

कांगड़ा, रितेश ग्रोवर। Kangra Electronics Market, कोरोना संकट आज नहीं तो कल समाप्त हो जाएगा, लेकिन व्यापारियों पर जो सबसे ज्यादा संकट मंडरा रहा है। वह आनलाइन प्लेटफार्म में खरीदारी का है। आनलाइन खरीदारी का रुझान इतना बढ़ गया है कि कई स्थानीय व्यापारियों की सेल इससे बुरी तरह प्रभावित हुई है। आनलाइन खरीदारी से प्रदेश में जीएसटी से होने वाली आय भी प्रभावित हो रही है। दीपावली के दौरान लोगों ने मार्केट आने की बजाय आनलाइन ही खरीदारी को तवज्जो दे रहे हैं।
कोरोना संकट के बीच जब सारे देश में मार्केट बंद पड़ी थी तो लोगों ने आनलाइन ही खरीदारी की, जिसका असर यह हुआ कि लोगों को आनलाइन खरीदारी करने की आदत बन गई है। आनलाइन खरीदारी का सबसे ज्यादा असर स्थानीय मार्केट में इलेक्ट्रानिक, मोबाइल, मोबाइल एसेसरी, इलेक्ट्रिकल व होम अप्लायंसेज के दुकानदारों की सेल पर पड़ा है। स्थिति यहां तक पहुंच गई है कि ग्राहक आनलाइन ही खरीददारी करना चाहते हैं, जिसका सबसे बड़ा कारण है आनलाइन से खरीदे जाने वाली वस्तुएं खासकर मोबाइल, इलेक्ट्रानिक व होम अप्लायंसेज की वस्तुएं स्थानीय दुकानदारों से काफी सस्ती दरों में मिल रही हैं। ऐसे में स्थानीय व्यापारियों की सेल प्रभावित हुई है, जिससे उनका टैक्स भी कम हुआ, जिसका असर प्रदेश की आर्थिक स्थिति पर पड़ना शुरू हो गया है।
दीपावली त्योहार को लेकर आनलाइन प्लेटफार्म पर मोबाइल, मोबाइल एसेसरी, एलइडी टीवी, लैपटाप, होम अप्लायंसेज, इलेक्ट्रानिक्स आइटम व अन्य वस्तुओं पर इतनी छूट व आफर दिए गए कि कि ग्राहक को कई कम दामों में वह वस्तुएं आनलाइन प्लेटफार्म पर सस्ती मिल रही है। जिससे इस बार दीपावली को लेकर एलइडी टीवी, कंप्यूटर, लैपटाप, मोबाइल, मोबाइल एसेसरी, फ्रिज, वाशिंग मशीन इतनी सेल नहीं हो पाई, जितनी इस क्षेत्र से जुड़े व्यापारियों ने उम्मीद लगाई थी।
उदाहरण के तौर पर एक बहुराष्ट्रीय कंपनी अपना एक मोबाइल फोन आनलाइन प्लेटफार्म पर जहां 5000 में बेच रही है। वही मोबाइल कंपनी के डीलर स्टोर पर 5000 की जगह 7000 रुपये में मिल रहा है। ऐसी ही स्थिति अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरणों की है। कांगड़ा सहित आसपास के क्षेत्रों की ही बात करें तो कांगड़ा उपमंडल में ही इलेक्ट्रॉनिक कंपनियों के सभी शोरूम मौजूद हैं, परंतु इस बार दीपावली के पर्व पर आनलाइन प्लेटफार्म के कारण कंपनियों के इलेक्ट्रानिक शोरूम में सेल में जबरदस्त गिरावट आई है। इन शोरूम में होने वाली दीपावली की अधिकता से आनलाइन प्लेटफार्म में चली गई है, जिससे प्रदेश को भी टैक्स नहीं मिल पाएगा। आनलाइन प्लेटफार्म से व्यापारियों के साथ-साथ सरकार को भी नुकसान होना शुरू हो गया है।
कांगड़ा में मोबाइल शोरूम के संचालक अमित ग्रोवर का कहना है कि आनलाइन प्लेटफार्म में इतने आफर लगे थे कि मोबाइल खरीदने आने वाला उपभोक्ता इन आफर को लेकर भलीभांति परिचित है। दीपावली पर सभी मोबाइल कंपनियां कई स्कीमें चलाती हैं, जिससे ग्राहकों की ओर आकर्षित होते हैं।उन्होंने बताया स्थानीय मोबाइल विक्रेता मोबाइल सेल करेगा तो उसका टैक्स सरकार को देगा। लेकिन आनलाइन प्लेटफार्म पर होने वाली सेल से राज्य सरकार को कुछ नहीं मिलने वाला है। आनलाइन प्लेटफार्म की सेल का जिसका सीधा असर छोटी बड़ी मार्केट में स्थित स्थानीय दुकानदारों पर पड़ेगा, जिससे उनकी सेल कम होगी और प्रदेश को मिलने वाला टैक्स भी कम होगा।
कांगड़ा में एक अन्य इलेक्ट्रॉनिक शोरूम सरीन रेडियो के संचालन करने वाले संदीप सरीन का कहना है काम काफी प्रभावित हुआ है और इस दीपावली में जितनी सेल की उम्मीद थी उसमें उन्हें निराशा हाथ लगी है। यही हालत रही तो उन्हें अपने पुराने इलेक्ट्रानिक कारोबार को बदलना पड़ सकता है। उन्होंने बताया इससे स्थानीय स्तर पर बेरोजगारी भी बढ़ेगी।
मटौर में एलजी कंपनी के शोरूम के संचालक गौरव कालरा का कहना है की ऑनलाइन प्लेटफॉर्म ने उनकी सेल नाममात्र कर दी है। दीपावली त्यौहार को लेकर उन्होंने कंपनी से काफी स्टॉक खरीदा था और सेल ना होने के कारण उनकी दिवाली इस बार फीकी रही है। उन्होंने कहा ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से उनकी सेल काफी गिरावट आई है और यही हालत रही तो उन्हें अन्य व्यवसाय के लिए सोचना पड़ेगा।
