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हिमाचल के कांगड़ा में 19 साल तक के युवाओं को पिलाई जाएगी कृमिनाशक दवा, तैयारियों में जुटा स्वास्थ्य विभाग

Published: Fri, 21 Aug 2026 07:26 PM (IST)Updated: Sat, 22 Aug 2026 07:58 AM (IST)

कांगड़ा में 18 सितंबर को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस मनाया जाएगा, जिसके लिए जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक हुई।

18 को पिलाई जाएगी 19 साल तक के युवाओं को कृमिनाशक दवा।

18 को पिलाई जाएगी 19 साल तक के युवाओं को कृमिनाशक दवा।

HighLights

  1. कांगड़ा में 18 सितंबर को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस

  2. 3.72 लाख बच्चों को कृमिनाशक दवा देने का लक्ष्य

  3. 2-5 वर्ष के बच्चों को विटामिन-ए की खुराक भी

जागरण संवाद केंद्र, धर्मशाला। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस (एनडीडी)-2026 के सफल आयोजन की तैयारियों के लिए उपायुक्त कार्यालय में जिला कांगड़ा स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त उपायुक्त कांगड़ा विनय कुमार ने की। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का आयोजन 18 सितंबर को किया जाएगा।

बैठक में जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश सूद, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. दुष्यंत, डीपीएम प्रदीप पटियाल, डिप्टी डीईओ प्रारंभिक शिक्षा अश्वनी कुमार, उप निदेशक प्रारंभिक शिक्षा बलविंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

अतिरिक्त उपायुक्त विनय कुमार ने सभी संबंधित विभागों को एनडीडी के सफल क्रियान्वयन के लिए आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने अभिभावकों, शिक्षकों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और समुदाय के सदस्यों से भी सक्रिय सहयोग का आग्रह किया।

अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर एक से 19 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से कृमिनाशक दवा दी जाएगी, जबकि दो से पांच वर्ष के बच्चों को विटामिन-ए की खुराक दी जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन का प्रयास है कि प्रत्येक बच्चे को इस अभियान के तहत कवर किया जाए।

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जिला कांगड़ा में लगभग 3 लाख 72 हजार पात्र बच्चों को कृमिनाशक दवा देने का लक्ष्य रखा गया है। कृमि मुक्ति एक सुरक्षित और प्रभावी स्वास्थ्य कार्यक्रम है, जो बच्चों के पोषण, प्रतिरक्षा क्षमता और समग्र विकास में महत्वपूर्ण योगदान देता है। सक्रिय सामुदायिक भागीदारी और सभी विभागों के समन्वित प्रयासों से जिला कांगड़ा को कृमि संक्रमण से मुक्त बनाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा सकते हैं।

जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश सूद ने एनडीडी की तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने सभी संबंधित विभागों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. दुष्यंत ने बताया कि 18 सितंबर को प्री-स्कूल और स्कूल जाने वाले बच्चों को एल्बेंडाजोल की खुराक दी जाएगी। पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों को विटामिन-ए की खुराक भी प्रदान की जाएगी। यह प्रक्रिया प्रशिक्षित कर्मियों की देखरेख में आवश्यक सुरक्षा सावधानियों के साथ संपन्न की जाएगी।

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