जागरण पड़ताल: सोनीपत की सड़कें बन रहीं पार्किंग स्पॉट, जाम के झाम में फंस रहा पूरा शहर
सोनीपत में पार्किंग की व्यवस्था न होने से सड़कें पार्किंग स्थल बन गई हैं, जिससे शहर भीषण जाम की चपेट ...और पढ़ें

मार्केट में सड़क पर खड़े किए गए वाहन। सौ. सुधी पाठक
HighLights
सोनीपत में पार्किंग के अभाव से सड़कें बनीं अवैध पार्किंग स्थल।
मुख्य बाजारों और मार्गों पर अवैध पार्किंग से भीषण जाम की समस्या।
पुलिस की निष्क्रियता से नियमों का उल्लंघन, पैदल राहगीर भी परेशान।
विष्णु कुमार, सोनीपत। सोनीपत में पार्किंग व्यवस्था का मुकम्मल इंतजाम न होना अब आम जनता के लिए आफत का सबब बन चुका है। पार्किंग स्थल के अभाव में वाहन चालक अपनी गाड़ियों को सड़कों पर ही खड़ा कर देते हैं, जिससे शहर के मुख्य बाजार और प्रमुख मार्ग भीषण जाम की चपेट में आ रहे हैं।
शहर के मुख्य मार्गों और बाजारों की पड़ताल में सामने आया है कि व्यस्तम सड़कों का आधा हिस्सा अवैध पार्किंग की भेंट चढ़ चुका है, जिसके चलते सड़कें बेहद संकरी हो गई हैं और वाहन चालकों को निकलने के लिए पर्याप्त जगह नहीं मिल पा रहा है।
इन इलाकों में सबसे ज्यादा जाम
सोनीपत में रेलवे रोड, एटलस रोड, ओल्ड डीसी रोड, सारंग रोड, गोहाना रोड, बस अड्डा परिसर के आसपास और सेक्टर-14 जैसे प्रमुख वाणिज्यिक व रिहायशी इलाकों में स्थिति सबसे ज्यादा खराब है। यहां दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के बाहर गाड़ियों और दोपहिया वाहनों की लंबी कतारें लगी रहती हैं।

फुटपाथों पर भी वाहन खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे पैदल चलने वाले राहगीरों को भी बीच सड़क पर चलने के लिए मजबूर होना पड़ता है। पिक-आवर्स (सुबह व शाम) के समय स्थिति इतनी गंभीर हो जाती है कि चंद मिनटों का सफर तय करने में लोगों को काफी समय लग जाता है।
नियमों की सरेआम धज्जियां
नगर निगम और यातायात पुलिस प्रशासन द्वारा समय-समय पर चलाए जाने वाले अतिक्रमण विरोधी अभियानों व चालान कार्रवाई का असर धरातल पर नजर नहीं आ रहा। लोग पुलिस और निगम कर्मियों की मौजूदगी के बावजूद नियमों की अवहेलना करने से बाज नहीं आते।

नो-पार्किंग जोन होने के बाद भी वाहन पार्क कर दिए जाते हैं। संकरे रास्तों पर दोनों तरफ गाड़ियां खड़ी होने से जाम जैसी स्थिति बन जाती है।
पुलिस नहीं कर रही कोई कार्रवाई
शहर के सुभाष चौक के पास स्थिति सिविल लाइन थाने के पास कार एसेसरीज की दुकानों के सामने हर समय आधी सड़क पर कारें खड़ी रहती हैं। कई बार तो हालात ऐसे हो जाते हैं कि एक वाहन के निकलने तक का ही रास्ता बचता है। पुलिस की नाक के नीचे हो रही नियमों की अवहेलना के बाद भी पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
