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रेवाड़ी में सरकारी जमीनों पर माफिया का कब्जा, झुग्गियां बनाकर वसूल रहे किराया

Published: Tue, 27 Oct 2026 08:51 AM (IST)

रेवाड़ी, बावल और धारूहेड़ा में सरकारी जमीनों पर अवैध रूप से झुग्गियां बनाकर माफिया किराया वसूल रहे हैं। इन झुग्गियों ...और पढ़ें

रेवाड़ी में सरकारी जमीनों पर माफिया का कब्जा ( फोटो स्रोत : जागरण )

रेवाड़ी में सरकारी जमीनों पर माफिया का कब्जा ( फोटो स्रोत : जागरण )

HighLights

  1. सरकारी जमीनों पर अवैध झुग्गियां बनाकर किराया वसूली।

  2. माफिया द्वारा बिजली-पानी की अवैध सप्लाई जारी।

  3. झुग्गी निवासियों का पुलिस सत्यापन नहीं होता।

जागरण संवाददाता, रेवाड़ी। रेवाड़ी शहर ही नहीं, बल्कि दोनों बड़े औद्योगिक क्षेत्र बावल और धारूहेड़ा में जिम्मेदारों की अनदेखी के कारण सरकारी जमीनों पर कब्जे हो चुके हैं। इन जमीनों पर झुग्गियां बसाकर माफिया हर माह किराया भी वसूल रहे हैं।

एक झुग्गी वाले से ढाई से तीन हजार रुपये तक की वसूली होती है, जबकि सरकारी जमीन पर कारोबार करने की एवज में 10 हजार रुपये तक वसूल किए जाते हैं।

झुग्गियों में हो रही पानी बिजली की अवैध आपूर्ति 

हैरानी की बात यह है कि इन झुग्गियों में बिजली-पानी तक की अवैध सप्लाई हो रही है। जिम्मेदार अधिकारी सबकुछ जानकर भी अनजान बने हुए हैं।

दरअसल, शहर में एचएसवीपी बाइपास, सेक्टर तीन, चार, राजेश पायलट चौक, कंटेनर डिपो व कोनसीवास रोड पर कई एकड़ सरकारी जमीन सालों से खाली पड़ी हुई है।

झुग्गियों की संख्या में हो रहा इजाफा..

कुछ साल पहले तक यहां गिनी चुनी झुग्गियां होती थी। लेकिन अब यहां 150 से ज्यादा झुग्गियां बस चुकी हैं। इसके अलावा बावल और धारूहेड़ा में सरकारी जमीनों पर कब्जा कर झुग्गियां बसा रखी हैं।

इन झुग्गियों को दूसरे राज्यों से आने वाले लोगों को रहने और कारोबार करने के लिए किराये पर दिया जा रहा हैं। इसके बदले उनसे हर महीने हजारों रुपये वसूले जा रहे हैं।

शहर में लंबे समय से चल रहे इस अवैध कारोबार में कुछ स्थानीय रसूखदारों की भूमिका होने के आरोप भी लगते रहे हैं। वहीं, पुलिस ऐसे लोगों को चिह्नित करने में जुटी हैं।

बिना सत्यापन रहने वालों पर नजर

इन झुग्गियों में रहने वाले लोगों का पुलिस सत्यापन तक नहीं होता। ऐसे में उनकी पहचान और पते की पुष्टि करना पुलिस के लिए भी किसी चुनौती से कम नहीं है। कुछ लोग लंबे समय से यहां रह रहे हैं और उनके पास पहचान संबंधी दस्तावेजों को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं।

पुलिस की ओर से पहले भी कार्रवाई के दौरान फर्जी आधार कार्ड रखने वाले कुछ लोगों के पकड़े जाने के मामले सामने आ चुके हैं। झुग्गियों में रहने वाले कुछ लोगों पर शराब, गांजा और चरस की तस्करी जैसी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप भी हैं।

 
झुग्गियों में रहने वालों से किराया वसूली करने की जानकारी मेरे संज्ञान में नहीं है। ऐसे लोगों को चिन्हित कर कार्रवाई की जाएगी। वैसे लोगों को सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा करने से बचना चाहिए और किराया वसूली करने वालों की शिकायत करनी चाहिए।-दलबीर सिंह, एसडीएम रेवाड़ी

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