पानीपत/करनाल, जेएनएन। कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज के निदेशक डॉ. जगदीश चंद्र दुरेजा एवं डिप्टी मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. कुणाल खन्ना ने बीती देर रात औचक निरीक्षण किया। इससे पूरे स्टाफ में हड़कंप मच गया। निदेशक ने टीम के साथ सभी वार्डों में जाकर सभी डॉक्टरों की उपस्थिति को चेक किया। हड्डी रोग विभाग में निरीक्षण करने पहुंचे तो वहां जूनियर रेजिडेंट डॉ. सिरीन अनुपस्थित मिले। इसके बाद मेडिसन विभाग डॉ. पीयूष भी ड्यूटी से नदारद पाए गए। निदेशक डॉ. दुरेजा ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश जारी कर दिए। गौरतलब है कि इन दोनों डॉक्टरों की काफी समय से शिकायतें मिल रही थीं। इसे देखते हुए निदेशक व डीएमएस ने निरीक्षण किया और वे अनुपस्थित मिले। 

जांच के लिए कमेटी गठित, 15 दिन में सौंपेगी रिपोर्ट

इस पूरे मामले की जांच पड़ताल के लिए निदेशक ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठन किया है। जिसमें डॉ. निवेश अग्रवाल, डॉ. कुणाल खन्ना एवं डॉ. फोजिया रहमान खान को सदस्य बनाया गया है। यह कमेटी अपनी रिपोर्ट 15 दिन के अंदर अस्पताल प्रशासन को देगी। रिपोर्ट मिलने के बाद आगामी कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

बहुत समय से ऐसी शिकायतें मिल रही थी कि रेजीडेंट डॉक्टर रात के समय में ड्यूटी पर अनुपस्थित रहते हैं। अपने हॉस्टल मे सोने के लिए चले जाते हैं। कई बार संबंधित विभागों को मौखिक तौर पर निर्देश दिए गए, परन्तु लापरवाही जारी रही। इसी कारण इस बार यह सख्त कदम उठाया गया। भविष्य में भी जो डॉक्टर अपनी ड्यूटी से अनुपस्थित मिलेगा या कॉल ड्यूटी वाला डॉक्टर अस्पताल पहुंचने में अधिक समय लगाएगा। उनके खिलाफ तुरंत ऐसी ही सख्त से सख्त अनुशासात्मक कार्यवाही की जाएगी। 

डॉ. जगदीश चंद्र दुरेजा, निदेशक केसीजीएमसी करनाल।

Posted By: Anurag Shukla

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस