जींद, जेएनएन। जींद में एक महिला को बंधक बनाकर देहव्‍यापार कराया गया। इसके बाद आरोपितों ने हनीट्रेप का खेल शुरू किया। मामले की जानकारी पुलिस के लगी तो मामले का पर्दाफाश हुआ। महिला को बंधक बना देहव्यापार कराने तथा उसी के माध्यम से ब्लैकमेल कर एक दुकानदार को दुष्कर्म के झूठे मामले में फंसाने का मामला सामने आया। पुलिस ने पीडि़ता की शिकायत पर उसके मौसा समेत सात लोगों के खिलाफ यौन शोषण, देह व्यापार कराने, ब्लैकमेल करने समेत विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। 

मूलरूप से बिहार निवासी फिलहाल पुलिस थाना उचाना के अधीन आने वाले गांव की महिला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसके मौसा ने रुपये लेकर उकलाना निवासी कुलदीप के पास भेज दिया। कुलदीप ने पैसे लेकर उसे गांव पाबड़ा निवासी राममेहर के पास हिसार में भेज दिया। लगभग एक साल तक वह उसके पास रही। बाद में फिर से उसे उकलाना लाया गया। जहां पर कुलदीप ने उसका यौन शोषण किया और अपनी पत्नी सुमन के साथ मिलकर देह व्यापार कराना शुरू कर दिया। उसे कमरे में बंधक बनाए रखा जाता और ग्राहकों से रुपये लेकर उससे देह व्यापार कराया जाता रहा। 

एक दुकानदार को दुष्कर्म के मामले में फंसाने की रची साजिश

पीडि़ता की कुलदीप के दोस्त गांव करसिंधू निवासी अमित से भी उसकी जान पहचान हो गई थी। अमित उसे गांव के ही सत्यवान के पास ले आया। इसी बीच सत्यवान ने गांव के ही एक दुकानदार को फंसाने के उद्देश्य से उसका उपयोग किया और दुकानदार के खिलाफ झूठी दुष्कर्म की शिकायत उचाना थाना में दिलाई। पुलिस ने महिला से पूछताछ की, तो पूरे मामले से पर्दा उठ गया और पीडि़ता ने सारा मामला पुलिस को बताया।

पीडि़ता की शिकायत पर उचाना थाना पुलिस ने सिरसा निवासी पीडि़ता के मौसा, गांव दनौदा कलां निवासी कुलदीप, उसकी पत्नी सुमन, राजस्थान निवासी दलबीर, गांव पाबड़ा निवासी राममेहर, गांव करसिंधू निवासी सत्यवान तथा अमित के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है। 

उचाना थाना प्रभारी रविंद्र ने बताया कि महिला को मोहरा बनाकर एक व्यक्ति के खिलाफ दुष्कर्म की झूठी शिकायत दी थी। जब महिला से पूछताछ की, तो सारा मामला उजागर हुआ। महिला न केवल यौन शोषण का शिकार हुई, बल्कि उससे देह व्यापार भी कराया जाता था।  आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।