यमुनानगर, जागरण संवाददाता। सीएम अनाउंसमेंट के 54 करोड़ रुपये मिलने के बाद नगर निगम एरिया में विकास कार्यों के लिए धड़ाधड़ टेंडर लगाए जा रहे हैं। ट्विन सिटी में बारिश के पानी की निकासी व सड़कों के निर्माण पर पौने चार करोड़ रुपये खर्च किए जाने की योजना है। इनमें पार्क के नवीनीकरण के काम भी शामिल है जोकि लंबे समय से अधर में है। इसके अलावा आजाद नगर व चिट्टा मंदिर रोड पर बारिश के दौरान होने वाले जल भराव की समस्या से भी निजात भी मिलेगी।

इन कार्यों के लिए निगम की ओर से टेंडर काल किए गए हैं। नौ वार्डों में एक दर्जन से अधिक कार्य होने हैं। चार दिसंबर को टेक्निकल व छह दिसंबर को फाइनेंसियल बिड खोली जाएगी। नियमों व शर्तों को पूरा करने वाली एजेंसी को वर्क अलाट कर दिया जाएगा।

गलियों व नालियों पर कहां कितने खर्च होंगे

वार्ड नंबर दो वासुदेव कालोनी में गलियों व नालियों के निर्माण पर 28 लाख 04 हजार 915 रुपये, वार्ड नंबर तीन के मुखर्जी पार्क में 27 लाख 26 हजार ,738 रुपये, वार्ड चार में बूड़िया स्थित पार्क के नवीनीकरण पर 13 लाख छह हजार 893, वार्ड छह की दुर्गा गार्डन कालोनी में 16 लाख 27 हजार 186, वार्ड पांच के कल्याण नगर में गलियों व नालियों के निर्माण चार लाख 97 हजार 607, वार्ड 10 की चौधरी कालोनी में 30 लाख 57 हजार रुपये, वार्ड-10 की आजाद नगर कालोनी में गलियों व नालियों के निर्माण पर 48 लाख 83 हजार 421रुपये खर्च किए जाने की योजना है। संबंधित ठेकेदार व एजेंसियों को सख्त हिदायत दी गई है कि निर्धारित समय पर कार्य शुरू करें और तय अवधि में पूरा किया जाए।

निकासी की व्यवस्था होगी दुरुस्त

शहर में पानी की निकासी की व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए भी निगम ने योजना बनाई है। इसके तहत बारिश के पानी की निकासी के लिए चिट्टा मंदिर रोड से पश्चिमी यमुना नहर की पटरी तक पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इस पर 55 लाख 01 हजार 718 रुपये खर्च किए जाने की योजना है। इसके अलावा आजाद नगर की गली नंबर एक व दो में 54 लाख 96000 और गली नंबर तीन, चार व पांच में 62 लाख 41 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे। मौजूदा स्थिति की यदि बात की जाए तो इन क्षेत्रों में पान की निकासी की व्यवस्था लचर है। थोड़ी सी बारिश होते ही कालोनियों में जल भराव की स्थिति पैदा हो जाती है। इन लाइनों को पश्चिमी यमुना नहर के पास मुख्य लाइन से जोड़ा जाएगा।

जल्द शुरू कराए जाएं कार्य

वार्ड नंबर चार से देवेंद्र कुमार का कहना है कि उनके वार्ड में कई सड़कों के निर्माण के लिए एस्टिमेट बना हुआ है। लेकिन इनके टेंडर नहीं लगाए। अब केवल पार्क के नवीनीकरण के लिए टेंडर लगा है। नगर निगम अधिकारी मनमर्जी से काम रह हैं। पार्षदों की कोई सुनवाई नहीं है। न ही उनके कहने से कोई कार्य होता है। उनका कहना है कि जिन कार्यों के लिए टेंडर लगाए गए हैं, वह जल्द शुरू किए जाएं। पार्षद विनय कांबोज का कहना है कि निगम की ओर से टेंडर तो जरूर लगाए जा रहे हैं, लेकिन काम शुरू करने में बहुत अधिक समय लगा दिया जाता है। कल्याण नगर के अलाा और भी कई सड़के हैं जिनके निर्माण के लिए निगम अधिकारियों को लिखा हुआ है।

Edited By: Anurag Shukla