जागरण संवाददाता, पानीपत : प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए) के तहत शुक्रवार को सिविल अस्तपाल समेत 12 केद्रो मे विशेष शिविर लगे। इनमे कुल 687 गर्भवती महिलाओ की जांच की गई। इनमे से 150 को हाई रिस्क चिन्हित किया गया तथा सीएचसी-पीएचसी से 90 महिलाओ को सिविल अस्पताल के लिए रेफर किया गया। सिविल सर्जन डॉ. संतलाल वर्मा व उप डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. नवीन सुनेजा ने संयुक्त रूप से सिविल अस्पताल मे लगे शिविर का निरीक्षण किया। डॉ. सुनेजा ने बताया कि सिविल अस्पताल मे 100, राजनगर मे 125 महिलाओ की जांच की गई। इसके अलावा समालखा, अहर, मतलौड़ा, बापौली व सिवाह मे गर्भवती महिलाओ की कतार देखी गई। लगभग 600 महिलाओ का हीमोग्लोबिन टेस्ट व 225 महिलाओ का एचआईवी टेस्ट कराया गया। रक्तचाप, यूरिन, ब्लड, वजन आदि की जाच भी हुई। अल्ट्रासाउंड के लिए 50 महिलाओ को सिविल अस्पताल भेजा गया। महिलाओ को एल्बेडाजोल व आयरन की टेबलेट खिलाई गई। चिकित्सको ने महिलाओ को प्रेग्नेसी के दौरान बरती जाने वाली सावधानियो व पौष्टिक खानपान की सलाह दी। शनिवार को मनाए जाने वाले डि-वर्मिग दिवस पर बच्चो को खिलाई जाने वाली एल्बेडाजोल गोली खिलाने की जानकारी भी दी गई। डॉ. मीता ने किए 15 अल्ट्रासाउंड गोहाना रोड स्थित मधुमिता डायग्नोस्टिक सेटर की रेडियोलॉजिस्ट डॉ. मीता ने 15 गर्भवती महिलाओ का अल्ट्रासाउंड किया। ये वह महिलाएं है जिन्हे सरकारी केद्रो से रेफर किया गया। डिप्टी सिविल सर्जन की माने तो डॉ. मीता को विभाग की ओर से अल्ट्रासाउंड फीस का भुगतान किया जाएगा।