जागरण संवाददाता हसनपुर : प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के निकट गांव का एकमात्र संजय गांधी पार्क अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। 1984 में एक कांग्रेस नेता ने इस पार्क का उद्घाटन किया था। उसके बाद लगभग 18 साल पूर्व ग्राम पंचायत के द्वारा इसकी चारदीवारी कराई गई थी तथा दो वर्ष पूर्व ग्राम पंचायत के द्वारा फिर से इसका निर्माण कार्य शुरू किया गया और एक पुस्तकालय भी बनवाया गया। लेकिन, उसके बाद पार्क में ना तो घास लगवाई गई और न ही बच्चों के खेलने के लिए झूले लगवाए गए। ग्राम पंचायत की अनदेखी के कारण स्थानीय लोगों ने पार्क में अपने मवेशियों को बांधकर तथा गोबर व कूड़ा करकट डालकर अतिक्रमण करना शुरू कर दिया। संजय गांधी पार्क में सुविधाएं नहीं होने के कारण मजबूरन लोगों को सुबह सड़क पर घूमने के लिए जाना पड़ता है, जिसके कारण कई बार लोग सड़क दुर्घटना का शिकार हो चुके हैं। पार्क की बदहाल स्थिति होने के कारण बच्चों के खेलने के लिए कोई स्थान नहीं है। प्रशासन को इस ओर ध्यान देना चाहिए।

-शिवराम शर्मा। जहां एक ओर सरकार पार्कों के सुंदरीकरण पर लाखों रुपये खर्च कर रही है। वहीं गांव में पार्क में कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है।

-राजकुमार गुप्ता ,पूर्व सरपंच संजय गांधी पार्क में पंचायत को घास आदि लगवानी चाहिए तथा बच्चों के लिए झूले आदि की व्यवस्था करवानी चाहिए।

- सूरजभान वशिष्ठ ,पूर्व पंचायत सदस्य हसनपुर पंचायत की जमीन पर किसी ने अतिक्रमण किया हुआ है तो उसे हटवाया जाएगा तथा पार्क के बारे में ग्राम पंचायत से बातचीत की जाएगी ।

- कृपाल सिंह, समाज शिक्षा व पंचायत अधिकारी

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