संवाद सहयोगी, पिपली : लंबित मांगों को लेकर सफाई कर्मचारियों समेत कई विभागों के कर्मचारियों ने दो दिवसीय क्रमिक भूख हड़ताल शुरू कर दी है। सर्व कर्मचारी संघ के आह्वान पर नगरपालिका कर्मचारी संघ के कुछ कर्मचारी भी क्रमिक भूख हड़ताल पर रहे। वहीं कई दूसरे विभागों के अधिकारियों ने भी अपने-अपने कार्यालयों के बाहर भूख हड़ताल पर बैठक सरकार के खिलाफ रोष जताया।

प्रदेश कार्यकारिणी पदाधिकारी ओमप्रकाश ने आरोप लगाया कि लंबे समय से वे अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी पूरी तरह से अनदेखी कर रही है। जिसकी वजह से कर्मचारियों में सरकार के प्रति रोष है। उन्होंने बताया कि उनकी मांग है कि कर्मचारियों को ठेका प्रथा से मुक्ति दी जाए, जूनियर इंजीनियर व क्लर्कों की छंटनी पर रोक लगाई जाए व छंटनी किए गए सभी कर्मचारियों को ड्यूटी पर वापस लिया जाए। इसके अलावा चार हजार रुपये जोखिम भत्ता व कोरोना से कर्मचारी की मौत होने पर परिवार को पचास लाख रुपये विशेष सहायता राशि दी जाए। इन मांगों के अलावा कर्मचारियों की ओर भी बहुत मांगे लंबित हैं जिन्हें लागू नहीं किया जा रहा है। ओमप्रकाश ने कहा कि अगर उनकी मांगे जल्द पूरी नहीं की गई तो कर्मचारी आठ नवंबर को अंबाला कैंट में राज्य स्तरीय विशाल आक्रोश प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान नेकी राम, राजकुमार, राजबीर, केसाराम, समयपाल व बीरू राम मौजूद रहे।

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस