जागरण संवाददाता, कैथल : डीसी सुजान सिंह ने बताया कि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के तहत आमजन को लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा वृद्धावस्था सम्मान भत्ता, विधवा तथा निराश्रित पेंशन, दिव्यांग पेंशन, निराश्रित बच्चों को वित्तीय सहायता, लाडली पेंशन, बौना भत्ता, 0 से 18 स्कूल नही जाने वाले मंदबुद्धि बच्चों को वित्तीय सहायता, एसिड अटैक से पीड़ित महिला व लड़की को वित्तीय सहायता, किन्नर भत्ता, कश्मीरी विस्थापित परिवारों को वित्तीय सहायता, राष्ट्रीय परिवार लाभ योजना, दिव्यांग छात्रों को छात्रवृति, दिव्यांग पहचान पत्र बनाकर लाभ प्रदान किया जाता है। सभी योजनाओं के आवेदन के लिए परिवार पहचान पत्र की प्रति संलग्र करना अनिवार्य है।

डीसी सुजान सिंह ने बताया कि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा कल्याणकारी योजनाओं के तहत आमजन को लाभ दिया जा रहा है। वृद्धावस्था सम्मान भत्ता योजना के तहत 2250 रुपये प्रति माह की दर से प्रदान की जाती है। वृद्धावस्था पेंशन प्राप्त करने के लिए विभिन्न पात्रता की शर्तें पूरी करनी होती हैं, जिसमें हरियाणा का प्रत्येक वासी जिसकी आयु 60 वर्ष या इससे अधिक हो, जन्म तिथि, आयु के सबूत के तौर पर आवेदक जन्म तिथि प्रमाण-पत्र, स्कूल प्रमाण-पत्र, मतदाता पहचान पत्र, मतदान सूची में से कोई एक स्वयं सत्यापित दस्तावेज अनिवार्य है, हरियाणा राज्य का 5 वर्ष का स्थाई निवासी, जिनको रिहायशी प्रमाण-पत्र, वोट कार्ड, राशन कार्ड का प्रमाण देना अनिवार्य है, प्रार्थी तथा पति या पत्नी की वार्षिक आय 2 लाख रुपये से अधिक नही होनी चाहिए।

उन्होंने बताया कि विधवा व निराश्रित पेंशन 2250 रुपये प्रति माह की दर से प्रदान की जाती हैं। पात्रता शर्तों के अनुसार आवेदक के पति की मृत्यु होने, प्रार्थी का प्रति का 100 प्रतिशत दिव्यांग होना, 7 वर्ष या इससे अधिक गुमशुदगी की पुलिस रिपोर्ट, कोर्ट से तलाक, पति का एक वर्ष से अधिक कारावास में होने की सूरत में विधवा व निराश्रित पेंशन का लाभ दिया जाता है। परिवार की वार्षिक आय 2 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। ------------

Indian T20 League

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप

kumbh-mela-2021