जागरण संवाददाता, जींद: भाजपा के कैथल रोड स्थित जिला कार्यालय में प्रदेश कार्यकारिणी की मीटिग किसानों के डर के साए में हुई। कैथल पर पार्टी कार्यालय के दोनों तरफ एक-एक किलोमीटर पहले पुलिस ने नाके लगाकर आवागमन को बंद कर दिया था। हालांकि कोई किसान बैठक का विरोध करने नहीं पहुंचा।

भाजपा की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक चंडीगढ़ में होनी थी, लेकिन लाकडाउन के नियमों के कारण 300 पदाधिकारी एक साथ मीटिग में भाग नहीं ले सकते थे, इस कारण प्रदेश के सभी 21 जिलों को बांटकर छह जगहों वर्चुअल मीटिग हुई। जींद में भाजपा कार्यालय में हुई मीटिग में तीन जिलों कैथल, जींद व करनाल के पदाधिकारियों ने 49 भाग लिया। मंच पर सिर्फ महिला एवं बाल विकास मंत्री कमलेश ढांडा और प्रदेश महामंत्री डा. पवन सैनी को जगह मिली। दो सत्र में हुई मीटिग में सभी पदाधिकारियों ने राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा और चंडीगढ़ में मौजूद मुख्यमंत्री मनोहरलाल, प्रदेशाध्यक्ष ओमप्रकाश धनखड़, प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े, प्रदेश संगठन महामंत्री रविद्र राजू का संबोधन सुना। कार्यकारिणी के दूसरे सत्र से पहले पत्रकारों से बातचीत करते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्री कमलेश ढांडा ने कहा कि भाजपा में राष्ट्र प्रथम, दल द्वितीय तथा स्वयं को तृतीय स्थान पर प्राथमिकता देने की परंपरा का परिणाम है कि जब भी देश पर कोई भी विपदा, कोई आपत्ति आती है तो भाजपा कार्यकर्ता तन-मन-धन से मजबूत इच्छाशक्ति के साथ जुट जाते हैं। जींद, कैथल व करनाल के जिला प्रधानों ने भी कोरोना काल में किए गए कार्यों को गिनाया। जिला प्रधान राजू मोर ने कहा कि भाजपा ने नागरिक अस्पताल में कोरोना पीड़ितों व उनके तीमारदारों को दो महीने तक दो समय खाना उपलब्ध कराया। पानी व दूध की सेवा की। नागरिक अस्पताल में वैक्सीन लगवाने के लिए आने वालों की सुविधा के लिए शेड बनवाया। कोरोना पीड़ित को आक्सीजन, दवाई, आक्सीजन बेड, वेंटिलेटर की व्यवस्था में दिन-रात सहयोग किया।

इसलिए भाजपा है अलग पार्टी

प्रदेश कार्यकारिणी की मीटिग में लाजवाब प्रबंधन किया हुआ था। जिले से सिर्फ विधायक डा. कृष्ण मिढ़ा, जिला प्रधान राजू मोर, पूर्व विधायक कलीराम पटवारी, बच्चन सिंह आर्य, डा. ओपी पहल, कर्मवीर सैनी, विजयपाल एडवोकेट, श्रवण गर्ग, डा. राज सैनी ही अंदर मौजूद रहे। मीटिग से बाहर मनीष गोयल बबलू, संदीप लोहान, सुरेंद्र धवन, वीरेंद्र खोखरी ने खानपान व दूसरी व्यवस्थाएं संभाल रखी थी। मंत्री, विधायक व बड़े नेता मौजूद थे, लेकिन पर्ची पकड़ाने या दूसरे कामों की फाइल लेकर कोई नहीं पहुंचा था। सुव्यवस्थित सिस्टम देखकर लग ही नहीं रहा था कि सत्ताधारी पार्टी की इतनी बड़ी मीटिग हो रही है। एक कार्यकर्ता ने टिप्पणी की कि कांग्रेस या दूसरी पार्टियों में ऐसा सिस्टम नहीं मिलेगा। इसीलिए भाजपा सबसे अलग है।

किसानों को देरी से मिली सूचना, नहीं आए विरोध करने

खटकड़ टोल पर धरने की अगुआई कर रहे किसान नेता सतबीर बरसोला ने कहा कि उन्हें इस कार्यक्रम की कोई सूचना नहीं थी। दिन में पुलिस ने जब कैथल रोड पर बैरिकेड लगाए, तब उन्हें पता चला कि भाजपा कार्यालय में कुछ कार्यकर्ता नड्डा व अन्य नेताओं का भाषण वीडियो कांफ्रेंस के जरिए सुनेंगे। देरी से सूचना के कारण कोई किसान जींद नहीं पहुंचा। हमें इसका पहले से पता होता तो विरोध जरूर करते। जब तक किसानों की मांग नहीं मानी जाएगी, तब तक भाजपा के सभी कार्यक्रमों का विरोध किया जाता रहेगा।

Edited By: Jagran