यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 10, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Strike News: भिवानी व दादरी पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन 15 नवंबर को करेगी हड़ताल, इन मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने बताया कि पिछले काफी समय से जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पिकअप वाहनों व बड़े टैंकरों के ...और पढ़ें

चरखी दादरी, जागरण संवाददाता। दादरी एवं भिवानी जिला पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के आह्वान पर विभिन्न मांगों को लेकर 15 नवंबर को सभी पेट्रोल पंप संचालकों द्वारा हड़ताल की जाएगी। हड़ताल के दौरान दोनों जिलों में स्थित पेट्रोल पंप बंद रहेंगे। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने मांगों को लेकर बुधवार को दादरी उपायुक्त कार्यालय में ज्ञापन भी सौंपा। दादरी एवं भिवानी जिला पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के प्रधान हरवेंद्र सिंह, उप प्रधान कुलदीप ढांडा, को-आर्डिनेटर पुनीत मित्तल, महासचिव अनिल धवन, भूप सिंह बैरान, राजबीर सिंह अधिवक्ता ने बताया कि उनकी मांगों में मुख्य रूप से नकली डीजल की बिक्री को सख्त कदम उठाकर रोकना, डीलर कमीशन बढ़ाना तथा पिछले चार साल का बकाया दिया जाना, एक्साइज व वैट घटने से हुए नुकसान की भरपाई करवाया जाना शामिल है।
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने बताया कि पिछले काफी समय से जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पिकअप वाहनों व बड़े टैंकरों के माध्यम से डीजल की जा रही है। यह तेल असली डीजल के रेट से 30-40 रुपये प्रति लीटर तक सस्ता मिल रहा है। जिसके कारण लोग इसके झांसे में फंसते जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि यह वास्तव में बेस आयल है तथा इसका प्रयोग लुब्रिकेटिंग, ग्रीस व पेंट इत्यादि बनाने में किया जाता है। इसका डीजल के स्थान पर इस्तेमाल करना गैर कानूनी है।
हर छह माह में कमीशन का बढ़ाया जाना जरुरी
एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने ज्ञापन के माध्यम से बताया कि इस प्रकार के डीजल का सैंपल जांच के लिए भेजा जाना जरुरी है। पदाधिकारियों ने बताया कि पेट्रोल पंप डीलर का कमीशन तेल कंपनियों द्वारा निश्चित किया जाता है। लेकिन एक अगस्त 2017 के बाद से डीलर्स का कमीशन नहीं बढ़ाया गया है। जबकि सरकारी कमेटी की रिपोर्ट के अनुसार हर छह माह में कमीशन का बढ़ाया जाना जरुरी है। इसके लिए तेल कंपनियों से पत्राचार भी किया गया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
पेट्रोल पंप संचालक 15 नवंबर को हड़ताल करने को मजबूर होंगे
एसोसिएशन के पदाधिकारियों के अनुसार हाल ही में सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी तथा वैट में जो कमी की गई है, उसका सारा बोझ डीलर पर डाल दिया गया है। जिससे डीलर्स की हालत और अधिक खराब हो गई है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते इन मांगों को नहीं माना गया तो जिले व प्रदेश के सभी पेट्रोल पंप संचालक 15 नवंबर को हड़ताल करने को मजबूर होंगे।
दोनों जिलों में हैं 300 से अधिक पेट्रोल पंप
यहां यह भी उल्लेखनीय है कि दादरी जिले में विभिन्न तेल कंपनियों से संबंधित 68 पेट्रोल पंप हैं। जबकि दादरी व भिवानी जिले में पेट्रोल पंपों की संख्या 300 से भी अधिक हैं। इन पेट्रोल पंपों पर हर रोज काफी संख्या में लोग वाहनों में ईंधन भरवाने के लिए आते हैं।
