जागरण संवाददाता, हिसार: सिविल अस्पताल में 10 सितंबर को कांट्रेक्ट पर लगे कर्मचारियों द्वारा हड़ताल के बाद मांगें पूरी न होने पर बुधवार को पीएमओ को ज्ञापन दिया गया। इसके बाद पीएमओ ने कुछ मांगों को लागू कर दिया। इससे पहले कर्मचारियों ने लिखित में पत्र लिखकर शिकायत दी। शिकायत में लिखा गया कि स्वयं पीएमओ और नोडल अधिकारियों की तरफ से मांगें पूरी करने की बात कही गई थी। आश्वासन के अनुसार 13 सितंबर तक सभी मांगें लिखित रूप से लागू की जानी थी, लेकिन बुधवार तक भी लागू नहीं की गई। कर्मचारियों ने पीएमओ से मांग की कि स्वयं पीएमओ के आदेशों के बावजूद कार्य न करने पर नोडल अधिकारी और दोषी अधिकारी पर कार्रवाई की जाए। इसके बाद पीएमओ ने कर्मचारियों को बुलाकर उनकी मांगों को पूरी करने की बात कही।

गौरतलब है कि 10 सितंबर को सिविल अस्पताल में कांट्रेक्ट पर लगे कर्मचारियों ने सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक हड़ताल की थी। उस दौरान सभी सिक्योरिटी गार्ड, वार्ड ब्वाय, पलंबर, इलेक्ट्रीशियन, कंप्यूटर आपरेटर, पर्ची काउंटर पर बैठने वाले पुरुष और महिला कर्मचारी हड़ताल पर चले गए थे, जिससे अस्पताल में मरीजों को उपचार संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ा था। उस दौरान पीएमओ और उनके प्रतिनिधियों ने कर्मचारियों को उनकी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया था।

इन मांगों को बनी सहमित

- सिक्योरिटी गार्ड अजय को वापसी लेने बारे भी ठेकेदार ने दो दिन का समय मांगा है। वहीं पीएमओ ने इस मामले में कहा कि आगे से किसी कर्मचारी को जांच के बाद ही हटाया जाएगा।

-रात को डयूटी देने वाले कर्मचारियों के वेतन में किसी प्रकार की कटौती नहीं होगी।

कर्मचारियों ने इन मांगों को लेकर की थी हड़ताल

- सभी सुरक्षा कर्मियों को बकाया वेतन का भुगतान किया जाए।

-सभी कर्मचारियों का बढ़ा हुआ वेतन व काया एरियर का भुगतान किया जाए।

-सभी कर्मचारियों का बढ़ा हुआ वेतन व बकाया एरियर का भुगतान किया जाए।

-रात्रि अवकाश लागू किया जाए व सभी कर्मचारियों की काटी गई हाजिरी पुरी की जाए।

-सभी पदों प हेल्परों का वेतनमान जो घटा हुआ है उसे बढ़ाया जाए व पिछला बकाया दिलाया जाए।

-आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का चार्ज व जिम्मेवार कंपनी के सुपरवाइजरों को दी जाए, ताकि अवकाश व कार्य करवाने के लिए कर्मचारियों को समस्या ना हो।

Edited By: Jagran