हरियाणा: सावित्री जिंदल ने सदन में उठाया मुद्दा, अनिल विज ने दिया भरोसा; फिर भी 6 साल से बिजली घर को तरस रहे से 2500 लोग
हिसार के सेक्टर 33 में छह साल से मुख्य बिजली घर न होने के कारण 2500 निवासी लगातार बिजली कटौती से परेशान हैं।
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HighLights
सेक्टर 33 में छह साल से बिजली घर नहीं।
2500 निवासी बिजली कटौती से जूझ रहे हैं।
मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी मामले की समीक्षा कर रहे।
चेतन वर्मा, हिसार। छह साल बीत चुके हैं लेकिन अभी तक सेक्टर 33 में रहने वाले 2500 लोगों को खुद का मुख्य बिजली घर नहीं मिल पाया है। आलम यह है कि ढेरों बिजली कटों से सेक्टरवासी आए दिन परेशान रहते हैं।
खास बात है कि विधानसभा में विधायक सावित्री जिंदल ने खुद उपरोक्त मामला उठाया था, जोकि काफी दिनों तक बहस का विषय जरूर बना लेकिन हुआ कुछ भी नहीं। यहां तक की हरियाणा के ऊर्जा मंत्री अनिल विज व हिसार मंडलायुक्त गीता भारती के आश्वासन के बावजूद सेक्टर 33 के लोग आज भी बिजली घर से वंचित है।
वर्तमान समय में यह मामला हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की टेबल पर पहुंच गया है और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण व बिजली निगम के अधिकारियों ने अपने-अपने तर्क रख दिए है। जिस पर काफी देर तक बहस हुई लेकिन कोई हल नहीं निकला। जिस पर मुख्य सचिव ने आदेश दिए है कि वे फिर से मिनट्स टू मिनट्स जारी करेंगे।
जिस पर दोनों विभागों को अपने पक्ष रखने होंगे। जैसे ही पक्ष मुख्य सचिव पर जाएगा तो फिर से मंथन होगा। निश्चित तौर पर सेक्टर 33 में खुद का मुख्य बिजली घर बनने के प्रोजेक्ट को रफ्तार मिलेगी। अभी तक सेक्टर 14 की तरफ से सेक्टर 33 को बिजली सप्लाई दी जा रही है। लेकिन समय के साथ आबादी बढ़ने से सेक्टर 14 में कट लगने से सेक्टर 33 भी प्रभावित होने लग गया है। जिस कारण कट से आमजन परेशान है।
6 सेक्टर 33 को लेकर काफी धरने भी हुए और मुकदमें भी दर्ज हुए। लेकिन बावजूद सरकार सेक्टर 33 का मुख्य बिजली नहीं बनवा पाई है। जिस कारण 6 घर साल से अधिक का समय बीत चुका है। 2500 सेक्टरवासियों को बिजली कटों से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। - राजपाल नैन, पूर्व प्रधान, आरडब्ल्यूए सेक्टर-33
यह है मामला
साल 2020 में सेक्टर 33 के आरडब्ल्यूए के पदाधिकारियों ने मीटिंग की, जिसमें सेक्टर 33 में खुद का मुख्य बिजली घर बनाने की मांग रखी गई। जिसके लिए 2.9 एकड़ जमीन उपलब्ध करवाने पर सहमति बनी। मामला सिरे भी चढ़ा।
लेकिन हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण ने जमीन को खुद की बताई और मुख्य बिजली घर बनाने के नाम पर जमीन उपलब्ध करवाने के लिए पैसे की डिमांड की। जिस पर बिजली निगम ने पैसे देने से इन्कार कर दिया और कहा कि उनका काम बिजली घर उपलब्ध करवाना है। जिस पर हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण ने जमीन देने से इन्कार कर दिया।
डेढ़ करोड़ में पूरा होगा सेक्टर 33 का मुख्य बिजली घर
सेक्टर 33 का मुख्य बिजली घर का खर्चा करीब डेढ़ करोड़ रुपये है। जबकि ढाई करोड़ रुपये की राशि बिजली लाइन पर खर्चा जाएगा। जिसका एस्टीमेट भी बना दिया गया है।
जैसे ही जमीन मिलेगी तो सेक्टर 33 को खुद का बिजली घर मिल पाएगा।डेढ़ करोड़ में पूरा होगा सेक्टर 33 का मुख्य बिजली घर सेक्टर 33 का मुख्य बिजली घर का खर्चा करीब डेढ़ करोड़ रुपये है। जबकि ढाई करोड़ रुपये की राशि बिजली लाइन पर खर्चा जाएगा। जिसका एस्टीमेट भी बना दिया गया है। जैसे ही जमीन मिलेगी तो सेक्टर 33 को खुद का बिजली घर मिल पाएगा।
चीफ सेक्रेटरी ने मीटिंग बुलाई थी। जिसमें सेक्टर 33 में मुख्य बिजली घर बनने पर चर्चा हुई। अब मिनट्स टू मिनट्स का इंतजार है। जैसे ही मुख्यालय से आएंगे वैसे ही जवाब दे दिए जाएंगे। ताकि कार्य को रफ्तार मिल सकें।
मुकेश चौहान, निदेशक, आपरेशन शाखा, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम
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