जासं, हिसार: उपायुक्त डा. प्रियंका सोनी ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा किसानों के कल्याणार्थ की क्रियान्वित की जा रही मेरी पानी-मेरी विरासत योजना के तहत धान की जगह वैकल्पिक फसल की खेती करने वाले किसानों को 7 हजार रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से वित्तीय सहायता दी जाएगी। इसके लिए इच्छुक किसान को मेरी पानी-मेरी विरासत पोर्टल व मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना होगा। उपायुक्त ने बताया कि मेरा पानी मेरी विरासत योजना के तहत लाभ लेने के लिए अंतिम तिथि 31 जुलाई निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि गत वर्ष योजना का लाभ लेने वाले किसान दोबारा से भी लाभ ले सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए किसान कृषि तथा किसान कल्याण विभाग के टोल फ्री नंबर 1800-180-2117 अथवा वेबसाइट पर लाग इन कर सकते हैं। उपायुक्त ने जिला के किसानों से आह्वान किया है कि वे धान की वैकल्पिक फसलों द्वारा विविधीकरण कर सरकार की इस योजना का लाभ उठाएं। उन्होंने बताया कि फसल विविधीकरण अपनाने से फसल की मिट्टी उपजाऊ होगी और अधिक पैदावार देने में भी सहायक होगी।

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