सिरसा, जागरण संवाददाता। सिरसा के ऐलनाबाद उपचुनाव में इनेलो के अभय सिंह चौटाला ने भारतीय जनता पार्टी के गोबिंद कांडा को 6739 मतों से हरा दिया है। इनेलो को 65992 मत तथा भाजपा को 59253 मत मिले हैं। कांग्रेस को 20905 मत मिले हैं और कांग्रेस प्रत्याशी पवन बैनीवाल की जमानत जब्त हो गई है। भाजपा ने ताकत झोंक कर इनेलो के गढ़ कहे जाने वाले ऐलनाबाद में कांटे की टक्कर दी है।

शहरी क्षेत्र में भाजपा को बढ़त मिली वहीं ग्रामीण क्षेत्र में भी भाजपा ने कांग्रेस को पीछे छोड़ नया वोट बैंक खड़ा कर दिया। जिसके सहारे भाजपा को यहां 59253 मत मिले हैं। 2019 के चुनाव में भाजपा को यहां से 57627 मत मिले थे। तब अभय सिंह चौटाला को 69162 मत मिले थे। खास बात यह है कि भाजपा के कड़े मुकाबले की वजह से अभय सिंह चौटाला का वोट बैंक बढ़ने की बजाय घट गया। इस चुनाव में 19 प्रत्याशी मैदान में रहे जिनमें से भाजपा व इनेलो को छोड़कर सभी की जमानत जब्त हुई है। किसान नेता विकल पचार को 496 मत ही मिले हैं जबकि यहां नोटा को 480 मत मिले हैं। वहीं कांग्रेस को प्रत्याशी बदलना रास नहीं आया। गत चुनाव में कांग्रेस को यहां 35383 मत प्राप्त हुए थे।

वोटों का ध्रुवीकरण में हुई भाजपा, विरोध भी हुआ दरकिनार

चुनाव में इनेलो की चाहे जीत हो गई हो लेकिन भारतीय जनता पार्टी यहां किसान आंदोलन के विरोध के बावजूद गांव तक पैठ बनाने में कामयाब हुई। जिन गांवों में भाजपा प्रत्याशी का विरोध हुआ वहां भी भाजपा को अच्छा खासा वोट मिला है ओर विरोध भाजपा के लिए सहानुभूति के वोट में बदल गया। जिन गांवों में इनेलो की टक्कर में कांग्रेस को खड़ा होने के रुझान आ रहे थे वहां वोट में बीजेपी निकली और बीजेपी वोट का ध्रुवीकरण करने में कामयाब रही है। हालांकि ऐलनाबाद शहर का रुझान शुरू से ही इनेलो के खिलाफ दिख रहा था और उसी अनुरूप वोट भी पड़े हैं।

पैंतालिसा में जेजेपी की मजबूत उपस्थिति से भाजपा को लाभ

पैंतालिसा क्षेत्र में गठबंधन में शामिल जेजेपी ने बेहतर कार्य किया और यहां इनेलो के बराबर भाजपा को खड़ा कर दिया जबकि इस क्षेत्र में पहले इनेलो के बाद कांग्रेस दिखाई दे रही थी लेकिन धीरे-धीरे कांग्रेस को पीछे धकेल दिया। इनेलो का जो मजबूत वोटबैंक दिख रहा था उसे भी घटा दिया। पैंतालिसा से हर बार अभय सिंह की बड़ी लीड रहती है लेकिन इस बार इस लीड में कमी आई है।

Edited By: Naveen Dalal