गेहूं एमएसपी वृद्धि पर जजपा का विरोध: गुरुग्राम में मतदाता सूची विसंगतियों पर भी उठाए सवाल
जननायक जनता पार्टी (जजपा) की गुरुग्राम जिला इकाई ने केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में प्रधानमंत्री के नाम दो ज्ञापन सौंपे।

गेहूं एमएसपी वृद्धि पर जजपा का विरोध ( एआई जेनरेटेड इमेज )
HighLights
जजपा ने गुरुग्राम में केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध किया।
गेहूं के एमएसपी में ₹25 की वृद्धि को मजाक बताया।
मतदाता सूची से नाम कटने की निष्पक्ष जांच की मांग।
जागरण संवाददाता, गुरुग्राम। जननायक जनता पार्टी (जजपा) की जिला इकाई ने बुधवार को केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में लघु सचिवालय पहुंचकर प्रधानमंत्री के नाम जिला उपायुक्त को दो अलग-अलग ज्ञापन सौंपे।
जिला अध्यक्ष सुरेंद्र ठाकरान की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में मामूली बढ़ोतरी और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के दौरान मतदाता सूची से नाम कटने के मुद्दे उठाए।
ये किसानों के साथ मजाक
जजपा नेताओं ने रबी विपणन वर्ष 2027-28 के लिए गेहूं के एमएसपी में 25 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी को किसानों के साथ मजाक बताया।
उन्होंने कहा कि खाद, बीज, कीटनाशक, डीजल और अन्य कृषि लागत बढ़ने से किसानों पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। विरोध स्वरूप कार्यकर्ताओं ने 25 रुपये का बैंक ड्राफ्ट भी ज्ञापन के साथ सौंपा।
उन्होंने कहा कि पार्टी ने एमएसपी में कम से कम 150 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी और स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुरूप लागत पर 50 प्रतिशत लाभ जोड़कर खरीद की कानूनी गारंटी देने की मांग की।
मतदाता सूची की विसंगतियों की जांच की मांग
दूसरे ज्ञापन में एसआइआर के दौरान मतदाता सूची से नाम कटने की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई। पार्टी ने देशभर में करीब 13 करोड़ और हरियाणा में 37 लाख मतदाताओं के नाम गायब या रद्द होने संबंधी दावों की आधिकारिक पुष्टि करने तथा पात्र मतदाताओं के नाम दोबारा जोड़ने की मांग की।
इस मौके पर दीपचंद, नरेंद्र दहिया, डा. सौरभ गुप्ता, संतोष धारीवाल, संदीप कुंडू, मुकेश लक्कड़, सन्नी कटारिया, बल्ले चेयरमैन सहित अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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