गुरुग्राम के IMT मानेसर में वेतन वृद्धि के प्रदर्शन में हुई हिंसा थी सोची-समझी साजिश, चैट से खुली पोल; 6 गिरफ्तार
मानेसर में वेतन वृद्धि प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा एक सोची-समझी साजिश थी। गुरुग्राम पुलिस ने छह बाहरी असामाजिक तत्वों को गिरफ्तार कर इसका पर्दाफाश किया है।


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जागरण संवाददाता, गुरुग्राम। वेतन वृद्धि को लेकर पिछले दिनों आईएमटी मानेसर क्षेत्र में कई कंपनियों के बाहर हुआ बवाल अचानक नहीं हुआ था, यह एक सोची समझी साजिश का हिस्सा था। बाहरी असामाजिक तत्वों ने कर्मचारियों को दंगा भड़काने, आगजनी और बवाल करने के लिए उकसाया था। गुरुग्राम पुलिस ने छह आरोपितों को गिरफ्तार करते हुए इस साजिश का पर्दाफाश किया है। जांच में सामने आया है कि यह किसी कंपनी में कार्यरत नहीं थे, फिर भी श्रमिकों को उकसाकर उपद्रव करवाना चाह रहे थे।
व्हाट्सएप्प चैट ने खोली साजिश की पोल
पुलिस जांच में पता चला कि ये आरोपित हड़ताल के दौरान कंपनियों, वाहनों में तोड़फोड़ करने, आगजनी करने, पुलिस पर पथराव करने, कंपनी कर्मचारी व पुलिस कर्मचारियों के साथ मारपीट करने की वारदात को अंजाम देने के मुख्य साजिशकर्ताओं में शामिल हैं। इन आरोपितों का आईएमटी मानेसर की किसी भी कंपनी से कोई संबंध नहीं है।
आरोपितों ने हड़ताल कर रहे श्रमिकों को कंपनी में आग लगाने, तोड़फोड़ करने तथा पुलिस पर पथराव करने के लिए लगातार उकसाया था। पुलिस ने आरोपितों के पास से मोबाइल फोन जब्त किए हैं। इनके वाट्सएप चैट से दंगा भड़काने की साजिश के बारे में पता चला है।
पुलिस बल से शांति बहाल की
अप्रैल के पहले सप्ताह से ही हजारों कर्मचारी आईएमटी मानेसर क्षेत्र में तहसील के बाहर वेतन वृद्धि की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। हालांकि, उन्होंने कई दिनों तक शांत रूप से प्रदर्शन किया। अचानक नौ अप्रैल को कई कंपनियों के बाहर तोड़फोड़, आगजनी और दंगा भड़काने की कोशिश की गई। इस दौरान पुलिस ने बल प्रयोग करते हुए क्षेत्र में शांति बहाल की।
विभिन्न धाराओं में दर्ज किया गया मुकदमा
मामले में कंपनियों की तरफ से आईएमटी मानेसर में विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कराया गया। पुलिस ने जांच करते हुए सोमवार को छह आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनकी पहचान रोहतक के आकाश, पौड़ी गढ़वाल के हरीश चंद, मधुबनी जिले के पिंटू कुमार, उधम सिंह नगर के राजू सिंह, बदायूं जिले के श्यामबीर और जींद जिले के रहने वाले अजीत सिंह के रूप में की गई।
इससे पहले 55 लोगों पर हुई थी कार्रवाई
प्रदर्शन के दौरान उपद्रव, तोड़फोड़ और पथराव के मामले में आईएमटी मानेसर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए शुक्रवार को 55 श्रमिकों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भोंडसी जेल भेज दिया था। इनमें 25 महिलाएं भी शामिल थीं।
11 पुरुष श्रमिकों के ऊपर गंभीर आरोप लगाए गए थे।गिरफ्तार किए गए अधिकांश श्रमिक उत्तर प्रदेश और बिहार के रहने वाले थे। रिचा ग्लोबल एक्सपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड और मोडलामा एक्सपोर्ट की ओर से अलग-अलग एफआइआर दर्ज कराई गई थीं।
शुक्रवार को महिला श्रमिकों समेत 44 आरोपितों को पुलिस द्वारा जमानत देने के लिए आवश्यक प्रपत्र प्रस्तुत करने का अवसर दिया गया था, लेकिन वह आरोपित जमानती समेत अन्य कागजात उपलब्ध नहीं करा पाए थे।
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