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दिल्ली कूच से पहले गुरुग्राम में कांग्रेस नेताओं के घर पहुंची पुलिस, कई को बीच रास्ते में रोका

Published: Fri, 09 Oct 2026 02:56 PM (GMT+05:30)

दिल्ली कूच से पहले गुरुग्राम में कांग्रेस नेताओं को पुलिस ने घरों में रहने की सलाह दी है। वर्धन यादव ...और पढ़ें

गुरुग्राम में कांग्रेस के ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव समेत कई नेताओं को दिल्ली नहीं जाने के लिए कहा गया। वीडियो ग्रैब

गुरुग्राम में कांग्रेस के ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव समेत कई नेताओं को दिल्ली नहीं जाने के लिए कहा गया। वीडियो ग्रैब

HighLights

  1. दिल्ली कूच से पहले गुरुग्राम में कांग्रेस नेताओं को रोका गया।

  2. वर्धन यादव समेत कई नेताओं के घर पुलिस बल तैनात किया गया।

  3. कांग्रेस ने शांतिपूर्ण विरोध को रोकने पर तानाशाही का आरोप लगाया।

जागरण संवाददाता, गुरुग्राम। राजधानी में चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच दिल्ली पुलिस इस बार कोई भी लापरवाही नहीं कर रही है। एक ओर जहां दिल्ली आने वाली ट्रेनें रद कर दी गई हैं, दूसरी ओर मेट्रो बंद करने की तैयारी कर रही है। इसी बीच सीमाओं को सील करने की भी तैयारी जोरों पर है। अब एनसीआर के विभिन्न जिलों में रह रहे नेताओं को भी घरों में नजरबंद किया जा रहा है। कूच से पहले गुरुग्राम में भी कांग्रेस नेताओं के घर पुलिस पहुंच गई।

गुरुग्राम में कांग्रेस के ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव समेत कई नेताओं को दिल्ली नहीं जाने के लिए कहा गया। वर्धन यादव ने बताया कि उनके घर के बाहर दो पीसीआर तैनात हैं। गुरुग्राम के ग्रामीण कमेटी के जिला सचिव डॉ. हरेंद्र सहरावत के तावडू स्थित घर पर भी पुलिस पहुंची। सचिन बसोया व अन्य नेताओं ने भी पुलिस आने की जानकारी दी।

हालांकि शहरी टीम के नेताओं के घर अभी पुलिस नहीं पहुंची है। शहरी जिलाध्यक्ष पंकज डावर ने कहा कि वह सुबह से घर से बाहर हैं, उनके घर पुलिस नहीं आई। प्रदेश प्रवक्ता मनीष खटाना ने बताया कि मदनपुरी स्थित उनके घर पुलिस आई और बाहर जाने से मना कर चली गई।

वर्धन यादव ने कहा कि लोकतंत्र में आवाज उठाना अपराध नहीं, संवैधानिक अधिकार है। मोदी सरकार के तानाशाही रवैये का हम विरोध करते हैं। शांतिपूर्ण विरोध को रोकने का प्रयास क्यों किया जा रहा है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं को दिल्ली जाने से रोके जाने की शिकायतें लगातार आ रही हैं। उन्होंने कहा कि असहमति की आवाज को दबाया नहीं जाना चाहिए। संविधान की रक्षा के लिए शांतिपूर्ण संघर्ष जारी रहेगा।

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