जागरण संवाददाता, भिवानी : कला का हमारे जीवन में महत्वपूर्ण स्थान है। सांस्कृतिक गतिविधियां हमारे अंदर संवेदनशीलता पैदा कर हमारे जीवन में निखार लाती है। यह बात वैश्य महाविद्यालय भिवानी की सांस्कृतिक प्रकोष्ठ द्वारा इंटरनल क्वालिटी एश्योरेंस सेल के तत्वाधान में राज्य स्तरीय सांस्कृतिक पखवाड़ा के तहत आयोजित एकल गायन,एकल नृत्य और रंगमंचीय प्रतियोगिता चौ. बंसीलाल विश्वविद्यालय की डीन प्रो. सुनीता भरतवाल ने कहे। कार्यक्रम के प्रात: सत्र में मुख्य अतिथि प्रो. सुनीता भरतवाल और पारितोषिक सत्र के मुख्य अतिथि महाविद्यालय प्रबंधकारिणी समिति के उपाध्यक्ष डा. पवन कुमार बुवानीवाला और विशिष्ट अतिथि ट्रस्टी विजय किशन अग्रवाल रहे। आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य डा. संजय गोयल के सानिध्य हुआ और संयोजक प्रो. धीरज त्रिखा सह संयोजक डा. हरिकेश पंघाल, सचिव डा. अनिल तंवर, डा. वंदना वत्स और डा. पूनम वर्मा के दिशानिर्देशन में संपन्न हुआ। गायन प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका रामअवतार शर्मा, एडवोकेट रुपेश वत्स और निकिता निर्बीह ने जबकि रंगमंच प्रतियोगिता में सोनू रोंझिया,अनिल बजाज और कमल आनंद और नृत्य प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका प्रवीण शर्मा, मनोज शर्मा,तनिया शर्मा ने निभाई। ये रहे प्रतियोगिता के परिणाम

गायन प्रतियोगिता में वैश्य महाविद्यालय के पीयूष शर्मा प्रथम, महाराजा नीम पाल राजकीय महाविद्यालय की छात्रा राशि कटारिया द्वितीय और आदर्श महिला महाविद्यालय भिवानी की नेहा परमार तृतीय स्थान पर रही। रंगमंचीय विधा में बंसीलाल विश्वविद्यालय की ऐश्वर्या शर्मा प्रथम, वैश्य महाविद्यालय के अजय कुमार ने द्वितीय और आदर्श महिला महाविद्यालय की हेमा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। नृत्य प्रतियोगिता में महाराजा नीम पाल राजकीय महाविद्यालय की छात्रा श्रुति ने प्रथम, जेवीएमजीआरआर चरखी दादरी की कुसुम ने द्वितीय और वैश्य महाविद्यालय के लोकेश ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेता पखवाड़े के अंत में विजेता महाविद्यालय को ओवर आल ट्राफी दी जाएगी। इस अवसर पर महाविद्यालय की उप प्राचार्या डा. सुधा चौहान, स्वपोषित विभाग की निर्देशिका डा. प्रोमिला दहिया सुहाग, डा. सविता जैन, डा. सरिता गोयल, डा. रीना रानी, ललित कुमार, रितेश गोयल आदि उपस्थित रहे।

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