विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 10, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Gujarat: हिम्मतनगर और आणंद में रामनवमी पर शोभायात्रा के दौरान पथराव से तनाव

By Sachin Kumar MishraEdited By:
Published: Sun, 10 Apr 2022 05:13 PM (IST)

Gujarat गुजरात के हिम्मतनगर और आणंद में रामनवमी पर निकाली गई शोभायात्रा के दौरान पथराव हुआ। इसके बाद इलाके में ...और पढ़ें

गुजरात के हिम्मतनगर में रामनवमी पर शोभायात्रा के दौरान पथराव से तनाव। फाइल फोटो
गुजरात के हिम्मतनगर में रामनवमी पर शोभायात्रा के दौरान पथराव से तनाव। फाइल फोटो

अहमदाबाद, जागरण संवाददाता। उत्तर गुजरात के हिम्मतनगर और आणंद में रविवार को रामनवमी पर निकाली गई शोभायात्रा के दौरान पथराव हुआ। इसके बाद इलाके में तनाव उत्पन्न हो गया। पुलिस ने पांच राउंड टीयर गैस छोड़ी तथा उपद्रवियों को तितर- बितर करने के लिए हल्का बल प्रयोग किया। गृह राज्यमंत्री हर्ष संघवी ने घटना पर चिंता जताते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। रामनवमी पर्व पर रविवार को हिम्मतनगर में शोभायात्रा का आयोजन किया गया। छापरिया इलाके में स्थित राममंदिर व हनुमान मंदिर के पास शोभायात्रा में पथराव हुआ। पथराव के आरोपितों का हाल कोई पता नहीं चल सका है। पथराव के बाद गुस्साए लोगों ने आसपास के वाहनों में तोड़फोड़ कर दी। पुलिस ने टीयर गैस व हल्का बल प्रयोग कर उपद्रवियों पर काबू पा लिया है। गृह राज्यमंत्री संघवी ने सूचना मिलने के बाद घटना पर निगरानी रखी तथा पुलिस अधिकारियों को दोषियों को शीघ्र गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।

प्रेट्र के मुताबिक, आणंद जिले के खंभात कस्बे में रामनवमी जुलूस के दौरान संघर्ष शुरू हो गया। दो समूहों के पथराव में दुकान व वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। यहां भी स्थिति पर काबू पाने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे। 

गत दिनों आणंद जिले के पेटलाद में एक धार्मिक जुलूस में तेज संगीत बजाने को लेकर दो समुदाय के लोग आपस में भिड़ गए। इस दौरान पथराव में पांच लोग घायल हो गए। पुलिस ने बताया कि पेटलाद कस्बे के बोरिया गांव में मंगलवार को तेज संगीत पर माताजी का जुलूस निकालने के दौरान एक समुदाय के लोगों की दूसरे समुदाय के लोगों से कहासुनी हुई। इसके बाद एक-दूसरे पर पथराव करने लगे। दर्ज शिकायत के अनुसार, पुलिस मौके पर पहुंची और तनाव को कम करने की कोशिश की, लेकिन लोगों ने एक-दूसरे पर पथराव करना शुरू कर दिया, जिससे पांच लोग घायल हो गए। दोनों समुदायों के करीब एक सौ लोगों के खिलाफ धारा 143 (गैरकानूनी सभा), 147 (दंगा), 337 (जल्दी और लापरवाही से जीवन को खतरे में डालना), और 504 (सार्वजनिक शांति को भड़काने और तोड़ने के लिए अपमान) और अन्य के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने बताया कि स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए बल प्रयोग करना पड़ा। उन्होंने कहा कि गांव में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और स्थिति शांतिपूर्ण है। गत दिनों राजस्थान के करौली में इसी तरह एक धार्मिक जूलूस पर हमला कर दिया गया था, इसके बाद भड़की सांप्रदायिक हिंसा में भारी हिंसा व आगजनी हुई थी।